Newzfatafatlogo

अमेरिका-ईरान वार्ता अंतिम चरण में, महत्वपूर्ण मुद्दों पर सहमति बाकी

अमेरिका और ईरान के बीच हालिया तनाव के बावजूद, दोनों देशों के बीच समझौते की वार्ता अंतिम चरण में पहुंच गई है। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बताया कि कुछ महत्वपूर्ण मुद्दों पर सहमति बनाना अभी बाकी है। यूरेनियम संवर्धन जैसे मुद्दों पर बातचीत जारी है, और प्रस्तावित समझौते में मौजूदा युद्धविराम को 60 दिनों के लिए बढ़ाने की योजना शामिल है। जानें इस जटिल स्थिति के बारे में और क्या हो सकता है आगे।
 | 
अमेरिका-ईरान वार्ता अंतिम चरण में, महत्वपूर्ण मुद्दों पर सहमति बाकी

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव


अहम मुद्दों पर सहमति की आवश्यकता


हाल ही में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर से बढ़ गया है। दोनों देशों ने एक-दूसरे पर हमले शुरू कर दिए हैं। लेकिन इस बीच, मीडिया में यह खबर आई है कि दोनों देश दो महीने के युद्धविराम पर सहमत हो गए हैं। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बताया कि दोनों पक्ष समझौते के करीब हैं, लेकिन कुछ महत्वपूर्ण मुद्दों पर सहमति बनाना अभी बाकी है।


यूरेनियम संवर्धन पर बातचीत

जेडी वेंस ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि दोनों पक्ष यूरेनियम संवर्धन जैसे मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम अभी अंतिम चरण में नहीं पहुंचे हैं, लेकिन बातचीत जारी है। वेंस ने यह भी कहा कि यदि समझौता हो जाता है, तो इससे होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने में मदद मिलेगी। उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका ने ईरान की पारंपरिक सैन्य क्षमताओं को कमजोर कर दिया है।


युद्धविराम बढ़ाने का प्रस्ताव

रिपोर्टों के अनुसार, प्रस्तावित समझौते में मौजूदा युद्धविराम को 60 दिनों के लिए बढ़ाने और ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर औपचारिक वार्ता शुरू करने की योजना शामिल है। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि दोनों देशों के बीच एक रूपरेखा तैयार हो चुकी है, लेकिन इसे अमेरिकी राष्ट्रपति और ईरानी नेतृत्व की मंजूरी मिलना बाकी है।


28 फरवरी को शुरू हुआ युद्ध

28 फरवरी 2026 को अमेरिका ने इजराइल की मदद से ईरान पर हमला किया था, लेकिन उसे यह नहीं पता था कि ईरान का जवाब इतना शक्तिशाली होगा। इस युद्ध में अमेरिका को भारी आर्थिक और सैनिक नुकसान हुआ है। ईरान ने मार्च के पहले सप्ताह में होर्मुज जलडमरूमध्य पर आवाजाही रोक दी, जिससे वैश्विक आपूर्ति बाधित हो रही है।