ईरान-इजरायल संघर्ष में अमेरिका की भूमिका: ट्रंप का नया बयान
ट्रंप का ईरान के साथ संवाद का संकेत
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान-इजरायल संघर्ष के संदर्भ में बार-बार सीजफायर की संभावना का उल्लेख किया है। हाल ही में, ट्रंप ने एक बयान में कहा कि ईरान ने उन्हें एक महत्वपूर्ण उपहार दिया है। क्या अमेरिका से जेरेड कुशनर और स्टीव विटकॉफ को ईरान भेजा जाएगा? हालांकि, ईरान ने स्पष्ट किया है कि वह डोनाल्ड ट्रंप या उनके प्रशासन के अन्य सदस्यों के बजाय अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वैंस के साथ बातचीत करना चाहता है। सीएनएन के अनुसार, यह संदेश गुप्त संचार के माध्यम से वाशिंगटन तक पहुंचाया गया, जिसमें ईरानी प्रतिनिधियों ने कहा कि अमेरिकी विशेष दूत स्टीव विटकॉफ या जेरेड कुशनर के नेतृत्व में वार्ता की सफलता की संभावना कम है।
ईरान की वार्ता में रुचि
ईरान का मानना है कि वैंस युद्ध समाप्त करने के लिए अधिक इच्छुक हैं। अधिकारियों ने बताया कि ईरान को लगता है कि वैंस अन्य प्रशासनिक सदस्यों की तुलना में संघर्ष को कूटनीतिक तरीके से समाप्त करने के लिए अधिक तत्पर हैं। एक सूत्र ने सीएनएन को बताया कि वैंस संघर्ष को समाप्त करने के लिए दृढ़ संकल्पित हो सकते हैं, लेकिन उन्होंने चेतावनी दी कि सीधी बातचीत में शामिल होना उनके लिए जोखिम भरा हो सकता है।
व्हाइट हाउस की स्थिति
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लीविट ने कहा कि अमेरिकी वार्ता टीम का चयन केवल ट्रंप द्वारा किया जाएगा। उनके अनुसार, व्यापक कूटनीतिक प्रयासों में कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं, जिनमें वैंस, विदेश मंत्री मार्को रुबियो, विटकॉफ और कुशनर शामिल हैं। एक अन्य अधिकारी ने ईरान की पसंद से संबंधित खबरों को खारिज करते हुए इसे राष्ट्रपति को कमजोर करने का एक प्रयास बताया।
पाकिस्तान में संभावित वार्ता
हाल के दिनों में संभावित युद्धविराम को लेकर कूटनीतिक गतिविधियां बढ़ गई हैं। खबरों के अनुसार, इस सप्ताह के अंत में इस्लामाबाद में अमेरिकी और ईरानी प्रतिनिधियों की बैठक की योजना बनाई जा रही है, और पाकिस्तान ने इस वार्ता की मेज़बानी का प्रस्ताव दिया है। हालांकि, मध्यस्थता प्रयासों में शामिल अधिकारी इस बात को लेकर संशय में हैं कि दोनों पक्षों के बीच जारी शत्रुता और अविश्वास को देखते हुए ऐसी बैठक संभव होगी या नहीं।
