उत्तर प्रदेश चुनाव से पहले सियासी टकराव तेज, अखिलेश यादव का पलटवार
सियासी माहौल में गर्मी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारी के साथ ही राजनीतिक गतिविधियाँ तेज हो गई हैं। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और दोनों उपमुख्यमंत्रियों के बीच बयानबाजी का सिलसिला जारी है। हाल ही में डिप्टी सीएम केशव मौर्य और ब्रजेश पाठक के बयानों के जवाब में, अखिलेश यादव ने एक बार फिर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि, कृपापात्र पदों पर बैठे व्यक्तियों को किसी अन्य 'जीते हुए' के साथ अपमानजनक व्यवहार नहीं करना चाहिए।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "यहाँ भी राजनीति, पहले अपना नाम लिखा फिर उनका। भाजपा में ये क्या चल रहा है? एक-दूसरे को पीछे धकेलने की साज़िश ही भाजपा की असली सच्चाई है, जबकि दिखावे के लिए साथ चलते हैं। कृपापात्र पदों पर बैठे लोगों को किसी अन्य 'जीते हुए' के साथ ऐसा अपमानजनक व्यवहार नहीं करना चाहिए। अब हमें दूसरे उपमुख्यमंत्री या कहें प्रतीक्षारत मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया का इंतजार है।"
इससे पहले, डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने भी पलटवार किया था। उन्होंने लिखा, "आज के नए उत्तर प्रदेश की सुपर जोड़ी की चर्चा हर जगह है। इसलिए अखिलेश जी, मैं आपकी परेशानी को समझ सकता हूं। मेरे मित्र केशव प्रसाद मौर्य और मेरे दरवाजे जनता की सेवा के लिए हमेशा खुले हैं। हम बातों से ज्यादा कार्य करने में विश्वास रखते हैं। तुष्टीकरण और कुत्सित राजनीति आपकी पुरानी नीति है, जनता सब जानती है।"
यहाँ भी राजनीति, पहले अपना नाम लिखा फिर उनका। भाजपा में ये चल क्या रहा है? एक-दूसरे को पीछे धकेलने की साज़िश ही भाजपा की असली सच्चाई है, वैसे दिखावे के लिए साथ चलते हैं। कृपापात्र पोस्टिंग पर बैठे लोगों को किसी अन्य ‘जीते हुए’ के साथ ऐसा अपमानजनक व्यवहार नहीं करना चाहिए।
ये जो…
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) May 2, 2026
ब्रजेश पाठक ने आगे कहा, "मेरी सलाह है कि फर्जी बयानों में कुछ नहीं रखा है, जनता सब कुछ जानती है। चुनावों में जनता आपको आईना दिखाती रहती है और आगामी चुनावों में भी ऐसा ही होगा। हम भगवान बुद्ध के शांति और सौहार्द के मार्ग पर अग्रसर हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की पूर्ति के लिए दृढ़ संकल्पित हैं।"
इससे पहले, केशव मौर्य ने भी अखिलेश यादव पर निशाना साधा था। उन्होंने लिखा था कि, "अखिलेश यादव जी, एक फिट और हिट जोड़ी से आपका घबराना निहायत ही जायज है। आपकी जानकारी के लिए यह अच्छा भी है क्योंकि केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक जी की जोड़ी जनता के भरोसे की पहचान बन चुकी है।"
अखिलेश यादव ने बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर केशव मौर्य और ब्रजेश पाठक की वीडियो पर तंज कसा था। उन्होंने लिखा था कि, "दो स्टूलों को मिलाने से कुर्सी नहीं बनती।"
