उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज को दी श्रद्धांजलि
स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज के प्रथम वार्षिक श्राद्ध पर श्रद्धांजलि
ब्रह्मलीन वेदांताचार्य स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज के प्रथम वार्षिक श्राद्ध पर अर्पित की श्रद्धांजलि
स्वामी हेमानंद जी महाराज के गद्दीनशीनी समारोह में हुए शामिल
ऊना: उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने रविवार को ऊना जिले के नारी स्थित डेरा बाबा श्री रुद्रानंद आश्रम में ब्रह्मलीन वेदांताचार्य स्वामी श्री सुग्रीवानंद जी महाराज के पहले वार्षिक श्राद्ध कार्यक्रम में भाग लिया। उन्होंने श्रद्धासुमन अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ने स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज की आध्यात्मिक विरासत को याद करते हुए कहा कि वे तप, त्याग और साधना के प्रतीक थे। उनका जीवन लोककल्याण और आध्यात्मिक उत्थान के लिए समर्पित रहा, जो समाज के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा।
अग्निहोत्री ने आश्रम के अधिष्ठाता स्वामी हेमानंद जी महाराज के गद्दीनशीनी समारोह में भी भाग लिया और उन्हें शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि स्वामी हेमानंद जी महाराज के मार्गदर्शन में आश्रम आध्यात्मिक चेतना, सेवा और जनकल्याण के कार्यों को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी सुग्रीवानंद जी महाराज चारों वेदों के ज्ञाता और विरले संत थे। उनके निधन पर पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई थी। उनके सम्मान में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया और ऊना जिले में अवकाश घोषित किया गया, जो सरकार और समाज की गहरी श्रद्धा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि संत परंपरा भारतीय संस्कृति की नींव है, जो समाज को नैतिक मूल्यों, सेवा भावना और सद्भाव का मार्ग दिखाती है। हिमाचल देवभूमि है और प्रदेश सरकार धार्मिक एवं आध्यात्मिक संस्थाओं के संरक्षण और सांस्कृतिक विरासत के संवर्धन के लिए प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम के दौरान आश्रम परिसर श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से भरा रहा। इस अवसर पर विधायक विवेक शर्मा, पूर्व विधायक सतपाल रायजादा, कांग्रेस जिला अध्यक्ष देशराज गौतम सहित कई धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र की प्रमुख हस्तियां तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
