कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का विवादित बयान: गुजरात के लोगों को लेकर क्या कहा?
गांधीनगर में मल्लिकार्जुन खरगे का बयान
गांधीनगर: केरल विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने एक रैली में गुजरात के लोगों के बारे में एक ऐसा बयान दिया, जिसने राजनीतिक हलचल पैदा कर दी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मोदी जी गुजरात के अनपढ़ लोगों को मूर्ख बना सकते हैं, लेकिन केरल के शिक्षित नागरिकों को नहीं। इस बयान पर भाजपा ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की और इसे गुजरात की जनता का अपमान करार दिया।
भाजपा की कड़ी प्रतिक्रिया
खरगे के इस बयान पर भाजपा नेताओं ने कड़ी आलोचना की। गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने इसे अत्यंत आपत्तिजनक बताया। उन्होंने कहा कि इस टिप्पणी से न केवल 6.5 करोड़ गुजरातियों का अपमान हुआ है, बल्कि महात्मा गांधी और सरदार वल्लभभाई पटेल की पवित्र भूमि की गरिमा को भी ठेस पहुंची है। पटेल ने कांग्रेस से सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की।
गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने भी इस बयान पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि राजनीति में विचारों में भिन्नता हो सकती है, लेकिन किसी पूरे राज्य के लोगों की बौद्धिक क्षमता पर सवाल उठाना गलत है। संघवी ने इसे कांग्रेस की सोच का परिचायक बताते हुए आरोप लगाया कि पार्टी के डीएनए में गुजरात के प्रति नकारात्मकता है।
खरगे का माफी का बयान
इस विवाद के बाद मल्लिकार्जुन खरगे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उनके भाषण की कुछ बातें जानबूझकर गलत तरीके से प्रस्तुत की जा रही हैं। फिर भी, उन्होंने जिम्मेदारी लेते हुए खेद जताया। खरगे ने लिखा, “गुजरात के लोगों के प्रति मेरे मन में हमेशा सर्वोच्च सम्मान रहा है और हमेशा रहेगा। उनकी भावनाओं को ठेस पहुंचाना मेरा उद्देश्य कभी नहीं था।”
सम्मान का आश्वासन
खरगे ने अपने नए बयान में स्पष्ट किया कि गुजरात की जनता के प्रति उनका सम्मान कभी कम नहीं होगा। उन्होंने कहा कि चुनावी माहौल में कभी-कभी बातें गलत समझी जाती हैं, लेकिन उनका मकसद किसी की भावनाएं आहत करना नहीं था। इस माफी के बाद राजनीतिक गर्मी थोड़ी कम हुई है, हालांकि भाजपा अभी भी इस मुद्दे पर सवाल उठा रही है.
यह घटना राजनीतिक बयानबाजी के दौरान शब्दों के चयन की महत्ता को फिर से याद दिलाती है। गुजरात जैसे राज्य, जो विकास और उद्योग के लिए प्रसिद्ध है, वहां की जनता की भावनाओं का सम्मान करना हर नेता की जिम्मेदारी है।
