Newzfatafatlogo

कांग्रेस नेता उदित राज ने आई-पैक पर उठाए सवाल, अमित शाह पर साधा निशाना

तृणमूल कांग्रेस की चुनाव प्रबंधन कंपनी आई-पैक के प्रमुख प्रतीक जैन के ठिकानों पर ईडी की छापेमारी ने राजनीतिक माहौल को गर्म कर दिया है। कांग्रेस नेता उदित राज ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए आई-पैक के कार्यों पर सवाल उठाए और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के केरल पर दिए बयान को झूठा बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा का गुजरात मॉडल शिक्षा और स्वास्थ्य में असफल रहा है। जानें इस विवाद के पीछे की पूरी कहानी और उदित राज के तीखे आरोप।
 | 
कांग्रेस नेता उदित राज ने आई-पैक पर उठाए सवाल, अमित शाह पर साधा निशाना

आई-पैक की छापेमारी पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया

मुंबई - तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की चुनाव प्रबंधन कंपनी 'आई-पैक' के प्रमुख प्रतीक जैन के ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा की गई छापेमारी ने राजनीतिक हलचल पैदा कर दी है। इस संदर्भ में कांग्रेस नेता उदित राज ने रविवार को अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की।


उदित राज ने मीडिया से बातचीत में कहा, "आई-पैक लंबे समय से ममता बनर्जी के चुनाव प्रचार का प्रबंधन कर रही है। वहां का सारा डेटा और जानकारी ममता बनर्जी और उनकी टीम के पास है। यह पूरी तरह से प्राइवेट है। क्या वे सब्जियां बेचने या किराने की दुकान चलाने का काम कर रहे हैं? नहीं, आई-पैक केवल टीएमसी के लिए काम कर रही है। वे वहां सिर्फ टीएमसी का डेटा चुराने और समस्याएं उत्पन्न करने के लिए गए थे।" उन्होंने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के केरल पर हालिया बयान पर भी निशाना साधा।


उदित राज ने अमित शाह पर झूठ बोलने का आरोप लगाते हुए कहा, "उनकी जिंदगी झूठ और नफरत पर आधारित है। केरल शिक्षा और स्वास्थ्य के मामले में बहुत आगे है और कुछ इंडेक्स में कई देशों से भी बेहतर प्रदर्शन करता है। यदि भाजपा वहां सत्ता में आती है, तो केरल उत्तर प्रदेश या गुजरात जैसा राज्य बन सकता है।" उन्होंने आगे कहा, "वे जिस गुजरात मॉडल का प्रचार करते हैं, वह शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में असफल रहा है, और यदि इसे केरल में लागू किया गया, तो यह राज्य की प्रगति को नुकसान पहुंचाएगा।"


कांग्रेस नेता ने यह भी कहा, "वे हिंदू-मुस्लिम कार्ड खेले बिना सफल नहीं हो सकते। उन्होंने दो करोड़ नौकरियों का वादा किया था, लेकिन वह पूरा नहीं हो सका। विदेश से काला धन भी नहीं आ सकता।" उन्होंने केदारनाथ में 200 किलोग्राम से अधिक सोने की मौजूदगी का जिक्र करते हुए कहा, "फिर भी जांच क्यों नहीं हो रही है? उत्तराखंड में मंदिर के पास करीब 220 किलोग्राम सोना था, फिर भी कोई जांच की मांग नहीं कर रहा है। क्योंकि चोरी उनके राज्य में हुई है, इसलिए वे कहेंगे कि यहां की सरकार उनकी सरकार से बेहतर है।"