क्या अन्नामलाई छोड़ेंगे बीजेपी? तमिलनाडु में राजनीतिक हलचल तेज
बीजेपी में उथल-पुथल की आहट
तमिलनाडु में बीजेपी की स्थिति में कुछ बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। पूर्व अध्यक्ष के अन्नामलाई के पार्टी छोड़ने की अटकलें तेज हो गई हैं, हालांकि उन्होंने इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। यह चर्चा उस समय उठी है जब अन्नामलाई को पार्टी में एक महत्वपूर्ण भूमिका देने की बात की जा रही है।
क्या अन्नामलाई नई पार्टी की ओर बढ़ेंगे?
कुछ रिपोर्टों के अनुसार, अन्नामलाई बीजेपी से अलग होकर एक नई पार्टी बनाने पर विचार कर रहे हैं। यह चर्चा तब शुरू हुई जब उनके समर्थकों ने सोशल मीडिया पर सक्रियता दिखाई और नए पार्टी नामों और झंडों के डिज़ाइन साझा किए। हालांकि, अन्नामलाई ने इस विषय पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
अन्नामलाई का केंद्र सरकार से अलग रुख
हाल ही में, अन्नामलाई ने तीन भाषाओं के मुद्दे पर केंद्र सरकार के खिलाफ अपनी राय रखी थी। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से अनुरोध किया था कि कक्षा नौ के छात्रों के लिए तीन भाषाओं को अनिवार्य बनाने की अधिसूचना को वापस लिया जाए। अन्नामलाई ने मंत्रालय से यह भी कहा कि उन्हें 2029-2030 शैक्षणिक वर्ष से पहले की प्रतिबद्धता का पालन करना चाहिए।
AIADMK के साथ गठबंधन पर असंतोष
अन्नामलाई विधानसभा चुनाव में AIADMK के साथ गठबंधन को लेकर नाखुश थे, हालांकि उन्होंने एनडीए का समर्थन किया। हाल ही में उन्हें प्रदेश अध्यक्ष पद से हटा दिया गया था और नैनार नागेंद्रन को यह जिम्मेदारी दी गई थी। विधानसभा चुनाव में बीजेपी का प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर रहा।
बीजेपी में नई जिम्मेदारी की संभावना
कुछ अटकलें यह भी हैं कि अन्नामलाई को दिल्ली में कोई महत्वपूर्ण पद दिया जा सकता है। हालांकि, बीजेपी ने इस पर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। चर्चा है कि उन्हें आंध्र प्रदेश से राज्य सभा भेजा जा सकता है। 2021 से 2025 तक अन्नामलाई ने तमिलनाडु में बीजेपी का नेतृत्व किया, और पार्टी दक्षिण भारत में अपनी राजनीतिक स्थिति को मजबूत करने की कोशिश कर रही है।
