गुजरात में बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ बड़ा ऑपरेशन
गुजरात में हाल ही में एक बड़े ऑपरेशन के तहत 501 संदिग्ध बांग्लादेशियों को गिरफ्तार किया गया है। इस कार्रवाई में 131 बांग्लादेशी घुसपैठियों की पहचान की गई है। उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने बताया कि यह अभियान सुनियोजित तरीके से चलाया गया और इसमें बायोमेट्रिक जानकारी भी एकत्रित की जा रही है। जानें इस ऑपरेशन की पूरी कहानी और इसके पीछे की वजहें।
| Jun 5, 2026, 19:50 IST
गुजरात में बांग्लादेशी घुसपैठियों की गिरफ्तारी
देशभर की निगाहें पश्चिम बंगाल से भाग रहे बांग्लादेशियों पर थीं, लेकिन ये अवैध प्रवासी केवल बंगाल में ही नहीं, बल्कि भारत के विभिन्न हिस्सों में भी छिपे हुए हैं। हाल ही में, एक बड़े ऑपरेशन के तहत कई बांग्लादेशियों को आधी रात को पकड़ा गया। इन लोगों को रस्सियों से बांधकर लाया गया। इस बीच, एक और तस्वीर सामने आई है जिसमें भाग रहे बांग्लादेशियों के हाथों में कुछ देखा जा रहा है। यह कार्रवाई गुजरात में हुई है। सोचिए, ये बांग्लादेशी कहाँ-कहाँ जाकर बस गए हैं। अहमदाबाद क्राइम ब्रांच और राजकोट पुलिस ने मिलकर 322 से अधिक संदिग्ध व्यक्तियों को गिरफ्तार किया, जिनमें से 131 बांग्लादेशी घुसपैठिए पाए गए। जब पुलिस ने इन संदिग्धों के दस्तावेजों, भाषा और पारिवारिक पृष्ठभूमि की गहन जांच की, तो 131 लोग निश्चित रूप से बांग्लादेशी निकले।
बांग्लादेशियों की बायोमेट्रिक जानकारी
इन सभी बांग्लादेशियों को वापस बांग्लादेश भेजा जाएगा। भारत सरकार उन सभी बांग्लादेशियों की बायोमेट्रिक जानकारी भी एकत्रित कर रही है, जिन्हें वापस भेजा जा रहा है। उनके फिंगरप्रिंट्स लिए जा रहे हैं और तस्वीरें भी खींची जा रही हैं। यह प्रक्रिया इसलिए की जा रही है ताकि भविष्य में ये लोग भारत वापस न आ सकें और नकली आधार कार्ड न बनवा सकें। आप देख सकते हैं कि ममता बनर्जी के शासन में जो घुसपैठिए भारत में आकर आईडी कार्ड बनवा रहे थे, वही अब बीजेपी सरकार में अपने फिंगरप्रिंट्स देकर वापस न आने की प्रक्रिया का हिस्सा बन रहे हैं।
ऑपरेशन डेल्टा हंट की जानकारी
उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी के कार्यालय ने गुरुवार को बताया कि यह कार्रवाई बुधवार तड़के शुरू हुई थी। इस अभियान के तहत अब तक राज्य के विभिन्न हिस्सों से कुल 501 अवैध बांग्लादेशियों को हिरासत में लिया गया है। गृह मंत्रालय का प्रभार संभाल रहे संघवी ने कहा कि गुजरात पुलिस का संदेश स्पष्ट है: अवैध घुसपैठ का एकमात्र समाधान सख्त कार्रवाई है। संघवी ने बुधवार को गांधीनगर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि 'ऑपरेशन डेल्टा हंट' सुनियोजित तरीके से किया गया था और इसमें राज्य के सभी हिस्से शामिल थे।
