गोवा में आम आदमी पार्टी में बगावत, नेतृत्व पर उठे सवाल
आम आदमी पार्टी की चुनौतियाँ
दिल्ली में सत्ता से बाहर होने और अरविंद केजरीवाल द्वारा विधानसभा चुनाव हारने के बाद आम आदमी पार्टी को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि, पार्टी ने गुजरात की विसावदर सीट पर उपचुनाव में जीत हासिल की है और पंजाब में दो उपचुनाव तथा पंचायत चुनावों में भी सफलता मिली है, लेकिन नेतृत्व को लेकर चुनौतियाँ बढ़ रही हैं।
इस बार गोवा से नेतृत्व की चुनौती सामने आई है। गोवा में आम आदमी पार्टी के भीतर बगावत की स्थिति उत्पन्न हो गई है। हाल ही में, अरविंद केजरीवाल ने प्रदेश अध्यक्ष अमित पालेकर को हटाया था, जिसके बाद पालेकर ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उनके साथ पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष श्रीकृष्ण परब ने भी पार्टी छोड़ने का निर्णय लिया है। कुल मिलाकर, पांच सदस्यों ने पार्टी से इस्तीफा दिया है।
सूत्रों के अनुसार, आम आदमी पार्टी के दोनों विधायक भी जल्द ही पार्टी छोड़ सकते हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में बेनोलिम सीट से बेंजी वेगास और वेलिम से क्रुज सिल्वा ने जीत हासिल की थी। पालेकर ने पार्टी छोड़ने के साथ-साथ केजरीवाल और गोवा की प्रभारी आतिशी को एक पत्र भी लिखा है, जिसमें उन्होंने केजरीवाल की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि राज्यों से संबंधित सभी निर्णय ऊपर से लिए जाते हैं और लोकतांत्रिक प्रक्रिया का पालन नहीं किया जाता। यह भी कहा जा रहा है कि पंचायत चुनावों में खराब प्रदर्शन के कारण पालेकर को हटाया गया। आम आदमी पार्टी का केवल एक प्रतिनिधि कोल्वा सीट से जीता था, और बाद में उसने भी पार्टी छोड़ दी।
