डोनाल्ड ट्रंप का विवादास्पद दावा: भारत-पाक संघर्ष में मध्यस्थता का दावा
ट्रंप का बड़ा बयान
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर दक्षिण एशिया की राजनीति और भारत-पाकिस्तान के रिश्तों पर एक विवादास्पद बयान दिया है। 'फॉक्स न्यूज' के साथ एक साक्षात्कार में, ट्रंप ने कहा कि उन्होंने पिछले साल भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सैन्य संघर्ष को समाप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने अपनी मध्यस्थता की क्षमताओं का जिक्र करते हुए कहा, "मैंने कुल मिलाकर 8.25 युद्धों को रोका है।" उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि थाईलैंड और कंबोडिया के बीच संघर्ष के कारण यह संख्या 8.25 है। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि उन्हें हर युद्ध को रोकने के लिए नोबेल शांति पुरस्कार मिलना चाहिए।
ट्रंप के बार-बार के दावे
ट्रंप ने यह भी कहा कि पिछले साल के सैन्य संघर्ष में आठ विमान गिराए गए थे। उन्होंने लगभग 70 बार यह दावा किया है कि उन्होंने मई में भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष को रोका। 'फॉक्स न्यूज' के साक्षात्कार में, उन्होंने कहा, "मैंने सवा आठ युद्ध रुकवाए हैं, क्योंकि थाईलैंड और कंबोडिया के बीच फिर से संघर्ष शुरू हो गया था।" उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें हर युद्ध को रोकने के लिए नोबेल पुरस्कार मिलना चाहिए।
भारत और पाकिस्तान की स्थिति
ट्रंप के अनुसार, भारत और पाकिस्तान बड़े युद्ध के लिए तैयार थे। उन्होंने कहा, "ये दोनों परमाणु संपन्न देश हैं। मैंने उनके बीच युद्ध को रोका। आठ विमान गिराए गए थे। वे वास्तव में बड़े युद्ध की स्थिति में थे।" उल्लेखनीय है कि भारत ने 22 अप्रैल को पहलगाम हमले के जवाब में 6 और 7 मई की रात को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। दोनों देशों ने 10 मई को सैन्य संघर्ष समाप्त करने पर सहमति जताई। भारत ने हमेशा किसी तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप की बात से इनकार किया है।
सच्चाई और वैश्विक प्रतिक्रिया
हालांकि ट्रंप इसे अपनी कूटनीतिक जीत मानते हैं, लेकिन भारत और पाकिस्तान दोनों ने कभी भी इस प्रकार की किसी प्रत्यक्ष मध्यस्थता को स्वीकार नहीं किया है। विशेष रूप से भारत का रुख हमेशा यह रहा है कि पाकिस्तान के साथ सभी मुद्दे द्विपक्षीय हैं और इसमें किसी तीसरे देश के हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं है।
