निशिकांत दुबे का पाकिस्तान पर तीखा कटाक्ष, चीन की मध्यस्थता पर उठाए सवाल
बीजेपी सांसद का बयान
नई दिल्ली: बीजेपी के सांसद निशिकांत दुबे ने पाकिस्तान के हालिया बयान पर तीखा तंज कसा है, जिसमें चीन के सीजफायर के दावों का समर्थन किया गया है। दुबे ने अमेरिका, सऊदी अरब और चीन के दावों का जिक्र करते हुए पाकिस्तान की स्थिति को 'बेबसी' और 'पैसे के लालच' में गिरने जैसा बताया है।
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक कटाक्ष करते हुए लिखा कि पाकिस्तान की स्थिति को 'गरीब की लुगाई सब की भौजाई' वाली कहावत से जोड़ा जा सकता है। इस बयान ने राजनीतिक हलकों में चर्चा को बढ़ा दिया है।
निशिकांत दुबे का कटाक्ष
दुबे ने एक्स पर लिखा, 'गरीब की लुगाई सब की भौजाई, पाकिस्तानी पर ठीक बैठती है,' और कहा कि पाकिस्तान बार-बार अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति ट्रम्प, सऊदी अरब के राजा और अब चीन का नाम ले रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि 'पैसे के लिए कितना गिरोगे?' इसके साथ ही दुबे ने कांग्रेस पर भी कटाक्ष किया कि क्या वह अब पाकिस्तान पर भरोसा करती है। यह पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है।
गरीब की लुगाई सब की भौजाई,पाकिस्तानी पर ठीक बैठती है
— Dr Nishikant Dubey (@nishikant_dubey) January 3, 2026
पहले कहा अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प जी ने युद्ध रुकवाया,फिर कहा सउदी अरब के राजा अब्दुल अज़ीज़ जी ने युद्ध रुकवाया अब कह रहे हैं चीन के राष्ट्रपति जीनपिंग जी ने युद्ध रुकवाया ।पैसे लेने के लिए कितना गिरोगे? @INCIndia पार्टी…
चीन का बयान
भारत द्वारा तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप को बार-बार अस्वीकार करने के बावजूद, चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने कहा कि चीन ने मई में भारत-पाकिस्तान तनाव में 'मध्यस्थता' की थी। बीजिंग में आयोजित एक संगोष्ठी में वांग ने कहा कि दुनिया में संघर्षों और अस्थिरता में तीव्र वृद्धि देखी गई है। पाकिस्तान ने चीन के दावे का समर्थन किया है।
उन्होंने कहा, 'इस वर्ष, द्वितीय विश्व युद्ध की समाप्ति के बाद से किसी भी समय की तुलना में स्थानीय युद्ध और सीमा पार संघर्ष अधिक बार भड़के हैं। भू-राजनीतिक उथल-पुथल लगातार फैलती जा रही है।'
ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत
वांग की टिप्पणियां 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच मई में हुए सैन्य टकराव के महीनों बाद आई हैं। भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी ढांचे को निशाना बनाते हुए ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था, जिसे बाद में सैन्य प्रतिष्ठानों को शामिल करने के लिए विस्तारित किया गया।
पाकिस्तान का समर्थन
पाकिस्तान ने अब ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सैन्य तनाव में चीन की मध्यस्थता के दावे का समर्थन किया है। मई 2025 में चार दिन तक चले इस सैन्य टकराव के बाद पाकिस्तान की ओर से पहली बार आधिकारिक तौर पर कहा गया है कि चीन ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई थी। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि उस दौरान चीनी नेतृत्व लगातार पाकिस्तान के शीर्ष नेतृत्व के संपर्क में था।
उन्होंने कहा कि इसी वजह से चीन द्वारा मध्यस्थता किए जाने का दावा सही है। पाकिस्तान ने चीन की इस भूमिका को शांति, सुरक्षा और समृद्धि के लिए की गई कूटनीति बताया है।
