पश्चिम बंगाल चुनाव में ममता बनर्जी का EVM पर बड़ा बयान
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का EVM पर बयान
पश्चिम बंगाल चुनाव: रविवार को मुर्शिदाबाद में एक जनसभा के दौरान, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के संबंध में एक महत्वपूर्ण बयान दिया, जिससे राजनीतिक हलचल तेज हो गई। उन्होंने अपने समर्थकों और बूथ एजेंटों से आग्रह किया कि वे EVM मशीनों पर कड़ी नजर रखें और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोकने के लिए सतर्क रहें। ममता ने कहा, “सभी EVM मशीनों की अच्छी तरह से जांच करें। मुझे उनकी योजना का पता है। मतदान के बाद केंद्रीय बलों की निगरानी में वे मशीनें बदल सकते हैं, इसलिए 24 घंटे नजर रखनी होगी।” उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि किसी भी स्थिति में EVM से छेड़छाड़ या हैकिंग नहीं होने दी जानी चाहिए।
इसके अलावा, उन्होंने विशेष गहन मतदाता सूची संशोधन (SIR) प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए। ममता ने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया का उपयोग मतदाताओं को डराने और उनके नाम हटाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि मुर्शिदाबाद से लगभग 500 अधिकारियों को हटाया गया है, जिससे प्रशासनिक कार्य प्रभावित हो सकता है। हालांकि, उन्होंने आश्वासन दिया कि चुनाव के बाद स्थिति सामान्य हो जाएगी।
राजनीतिक मोर्चे पर, ममता बनर्जी ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि भविष्य में किसानों के लिए एक अलग बजट लाया जाएगा, जिससे कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलेगी। इस बीच, उन्होंने संकेत दिया कि इस बार उनका मुकाबला भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी से भवानीपुर सीट पर होगा। भवानीपुर सीट ममता बनर्जी का मजबूत गढ़ रही है, जहां से वह 2011 से लगातार विधायक हैं। लेकिन इस बार अधिकारी से सीधे मुकाबले के कारण चुनाव और भी दिलचस्प हो गया है।
वर्तमान में, राज्य में SIR प्रक्रिया न्यायपालिका की निगरानी में चल रही है। इस प्रक्रिया के बाद मतदाताओं की संख्या में बड़ा बदलाव आया है। पहले कुल मतदाता लगभग 7.66 करोड़ थे, जबकि अब यह संख्या घटकर लगभग 7.04 करोड़ रह गई है। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में होंगे, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी। इस प्रकार, ममता बनर्जी के इस बयान ने चुनावी माहौल को और भी गर्म कर दिया है।
