पीएम मोदी का चीन दौरा: अमेरिका के लिए चिंता का विषय

प्रधानमंत्री मोदी का भव्य स्वागत
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का चीन में स्वागत ने हर भारतीय को गर्वित कर दिया है। चीन के तियानजिन में पीएम मोदी का भव्य स्वागत हुआ, जहां उन्होंने अपने पहले बयान में कहा कि वह एससीओ शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए तैयार हैं। यह यात्रा जापान से सीधे चीन पहुंचने के बाद हुई, और पीएम मोदी ने अपने बयान में कहा कि वह विभिन्न विश्व नेताओं से मिलने के इच्छुक हैं।
अमेरिका के लिए संकेत
पीएम मोदी का यह बयान अमेरिका के लिए एक बड़ा संकेत है। अमेरिका भारत के साथ बातचीत के लिए उत्सुक है, और न्यूयॉर्क टाइम्स ने रिपोर्ट किया है कि राष्ट्रपति अमेरिका से पीएम मोदी से बात करने के लिए बेताब हैं। हालांकि, कई जर्मन समाचार पत्रों ने यह भी बताया कि पीएम मोदी ने ट्रंप का फोन नहीं उठाया। इसका मुख्य कारण अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए उच्च टैरिफ हैं।
भारत की नई स्थिति
प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रंप को नजरअंदाज करना शुरू कर दिया है। यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब भारत और अमेरिका के संबंधों में खटास आ रही है। मोदी की तियानजिन यात्रा क्षेत्रीय सुरक्षा शिखर सम्मेलन के लिए महत्वपूर्ण है, खासकर जब अमेरिका ने हाल ही में भारतीय निर्यात पर शुल्क बढ़ा दिया है। यह विवाद भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से चले आ रहे सहयोग को प्रभावित कर रहा है।