Newzfatafatlogo

प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम बंगाल में टीएमसी पर किया जोरदार हमला

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनावों के लिए सिलीगुड़ी में एक चुनावी सभा में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला किया। उन्होंने मदरसों की फंडिंग और टीएमसी के शासन के दौरान राज्य की स्थिति पर सवाल उठाए। मोदी ने भाजपा के उम्मीदवारों के लिए वोट की अपील की और चाय बागानों के मुद्दे पर भी बात की। उनका कहना था कि टीएमसी केवल अपने वोट बैंक को खुश करने के लिए काम कर रही है। इस सभा में मोदी ने लोगों से टीएमसी को हटाने का आह्वान किया।
 | 
प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम बंगाल में टीएमसी पर किया जोरदार हमला

सिलीगुड़ी में चुनावी सभा

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनावों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोरदार प्रचार अभियान शुरू कर दिया है। रविवार को उन्होंने सिलीगुड़ी में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला किया। मोदी ने मदरसों की वित्तीय सहायता का मुद्दा उठाते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने मदरसों के लिए 6000 करोड़ रुपये आवंटित किए, लेकिन विकास के लिए कुछ नहीं किया। उन्होंने आरोप लगाया कि टीएमसी केवल अपने विशेष वोट बैंक को खुश करने के लिए धन बांटती है।


टीएमसी के शासन पर सवाल

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने दूसरे दिन की यात्रा के दौरान लोगों से कहा, 'आपने टीएमसी के शासन में बंगाल की बर्बादी देखी है। अब उन्हें 15 साल का हिसाब देना होगा।' उन्होंने यह भी कहा कि टीएमसी का बंगाल से जाना तय है। मोदी ने कहा, 'मेरे कल के रोड शो में लोगों का जो प्यार मिला, उसे मैं कभी नहीं भूल सकता। आज की सिलीगुड़ी की सभा टीएमसी की नींद उड़ा देगी।'


भाजपा के उम्मीदवारों के लिए वोट की अपील

सिलीगुड़ी में चुनावी रैली के दौरान, मोदी ने दार्जिलिंग की सभी पांच और जलपाईगुड़ी जिले की सभी सात सीटों पर भाजपा के उम्मीदवारों के लिए वोट मांगे। उन्होंने नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का भी उल्लेख किया और 'कमल खिलाओ, घुसपैठिया भगाओ' का नारा लगाते हुए कहा कि टीएमसी की सरकार निर्मम है, जबकि भाजपा ने सीएए के माध्यम से लोगों को वोटिंग की गारंटी दी है।


चाय बागानों का मुद्दा

मोदी ने कहा, 'दार्जिलिंग और उत्तर बंगाल का एक बड़ा हिस्सा चाय उत्पादक क्षेत्र है। आपकी चाय का स्वाद मुझसे बेहतर कौन जान सकता है, लेकिन टीएमसी सरकार चाय बागानों को भी नष्ट कर रही है।' उन्होंने यह भी कहा, 'देश में एक 'टुकड़े-टुकड़े गिरोह' सक्रिय है, जिसने सिलीगुड़ी कॉरिडोर को बंद करने की धमकी दी है। असम आपके पड़ोस में है, जहां भाजपा सरकार ने चाय बागान श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार पर ध्यान दिया है।'