प्रधानमंत्री मोदी ने बनाया नया रिकॉर्ड, बने भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले नेता
प्रधानमंत्री मोदी की ऐतिहासिक उपलब्धि
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर हासिल किया है। उन्होंने भारत में सबसे लंबे समय तक सरकार के प्रमुख रहने का रिकॉर्ड अपने नाम किया है, जिससे उन्होंने सिक्किम के पूर्व मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग को पीछे छोड़ दिया है। चामलिंग ने 8,930 दिनों तक सरकार का नेतृत्व किया था, जो अब तक का सबसे लंबा कार्यकाल था।
पवन कुमार चामलिंग 1994 से 2019 तक, यानी 25 वर्षों तक सिक्किम के मुख्यमंत्री रहे। यह एक असाधारण उपलब्धि थी, लेकिन रविवार को प्रधानमंत्री मोदी ने 8,931वां दिन पूरा कर लिया, जिससे यह रिकॉर्ड अब उनके नाम हो गया।
कैसे हुई गिनती?
प्रधानमंत्री मोदी का कार्यकाल दो हिस्सों में बांटा जा सकता है। पहले हिस्से में, उन्होंने 2001 से 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में लगभग 13 वर्षों तक सेवा की। दूसरे हिस्से में, 2014 में जब वे पहली बार प्रधानमंत्री बने, तब से आज तक वे लगातार इस पद पर हैं। इन दोनों कार्यकालों को जोड़ने पर यह आंकड़ा 8,931 दिन बनता है।
राजनाथ सिंह ने दी बधाई
Prime Minister Shri @narendramodi is now the longest-serving head of a government in India.
Pure devotion to the nation and its people defines PM Modi Ji. From his unwavering commitment as the Chief Minister of Gujarat to his dedicated leadership as the Prime Minister, his life… pic.twitter.com/llGPwziZZC
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) March 22, 2026
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री मोदी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मोदी का जीवन देश और उसके लोगों की सेवा के लिए समर्पित रहा है। गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर प्रधानमंत्री बनने तक उनकी यात्रा सेवा और ईमानदारी की मिसाल है।
मोदी की उपलब्धियों का संक्षिप्त विवरण
प्रधानमंत्री मोदी के नाम कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं:
- गुजरात के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले मुख्यमंत्री।
- मुख्यमंत्री के रूप में सबसे लंबा पूर्व अनुभव रखने वाले प्रधानमंत्री।
- स्वतंत्रता के बाद जन्मे पहले प्रधानमंत्री।
- लगातार तीन लोकसभा चुनाव (2014, 2019 और 2024) जीतने वाले नेता।
मोदी ने अपने सफर को किया याद
एक समाचार एजेंसी से बातचीत में, पीएम मोदी ने अपने सफर को याद करते हुए बताया कि जब उन्होंने 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार संभाला, तब राज्य कई चुनौतियों का सामना कर रहा था। भूकंप, चक्रवात, सूखा और राजनीतिक अस्थिरता जैसी समस्याएं थीं। इन चुनौतियों ने उन्हें और मजबूत बनाया।
उन्होंने अपनी मां की सीख का भी उल्लेख किया, जिसमें गरीबों की सेवा और रिश्वत न लेने की बात शामिल थी।
गुजरात की प्रगति पर मोदी का दृष्टिकोण
पीएम मोदी ने कहा कि उनके कार्यकाल में गुजरात ने कृषि, उद्योग और बुनियादी ढांचे में महत्वपूर्ण प्रगति की। 2014 में जब उन्हें प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाया गया, तब देश में विश्वास का संकट था, लेकिन जनता ने उन्हें समर्थन दिया।
विकसित भारत के लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि पिछले 11 वर्षों में 25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी से बाहर आए हैं और भारत एक मजबूत अर्थव्यवस्था के रूप में उभरा है। उन्होंने महिलाओं, युवाओं और किसानों के सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि देश की सेवा करना उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान है। उन्होंने विकसित भारत के लक्ष्य को पूरा करने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
