लखनऊ में 'नारी शक्ति' प्रदर्शन: महिला आरक्षण विधेयक पर भाजपा का जोरदार मार्च
महिला आरक्षण विधेयक पर भाजपा का प्रदर्शन
लखनऊ की सड़कों पर मंगलवार को 'नारी शक्ति' का एक विशाल प्रदर्शन हुआ। इस आयोजन का उद्देश्य महिला आरक्षण विधेयक के प्रति विपक्ष, विशेषकर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के विरोध के खिलाफ भारतीय जनता पार्टी और एनडीए की शक्ति को प्रदर्शित करना था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में 5 कालिदास मार्ग से महिला जनाक्रोश मार्च की शुरुआत हुई, जो सिविल अस्पताल और हजरतगंज चौराहे से होते हुए विधानसभा तक पहुंचा। इस दौरान हजारों महिलाएं शामिल हुईं और सपा-कांग्रेस के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
मार्च के आरंभ और समापन पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्ष पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के जनविरोधी रवैये के कारण देश और प्रदेश की महिलाओं में भारी आक्रोश है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार महिलाओं को उनके अधिकार देने का प्रयास कर रही है, लेकिन विपक्षी दल इसमें बाधा डाल रहे हैं। सीएम योगी ने कहा कि महिलाओं में सपा, कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ नाराजगी है और देशभर में आक्रोश रैलियां हो रही हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें उन्होंने महिला, गरीब, युवा और किसान को देश की प्रमुख प्राथमिकताएं बताया था।
इस शक्ति प्रदर्शन में भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री अरुण सिंह, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक जैसे कई प्रमुख नेता शामिल हुए। नेताओं ने मंच से विपक्ष पर निशाना साधते हुए महिलाओं से अपील की कि वे अपने अधिकारों के लिए एकजुट हों। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहा कि महिला आरक्षण बिल से देश की आधी आबादी को लाभ मिलता, लेकिन विपक्ष ने राजनीतिक कारणों से इसका विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा और कांग्रेस ने अपने हितों के चलते इस महत्वपूर्ण मुद्दे को बाधित किया। इस रैली को भाजपा-एनडीए के अब तक के सबसे बड़े महिला शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है, जिसने आगामी राजनीतिक माहौल को और गरमा दिया है।
