सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार की जीत पर रोक लगाई
सुप्रीम कोर्ट का महत्वपूर्ण निर्णय
कर्नाटक के एक मामले में सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने बीजेपी के उम्मीदवार पर कड़ी टिप्पणी की है। दो सदस्यीय खंडपीठ ने श्रंगेरी विधानसभा सीट पर मतगणना के पुनरावलोकन के बाद बीजेपी उम्मीदवार को विजेता घोषित करने पर रोक लगा दी और पहले विजयी घोषित कांग्रेस उम्मीदवार की विधायकी को बहाल करने का आदेश दिया। यह विवाद मुख्य रूप से पोस्टल बैलेट की वैधता को लेकर उत्पन्न हुआ था। बीजेपी के उम्मीदवार ने इस मुद्दे पर कर्नाटक हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। हाईकोर्ट के आदेश पर पुनः मतों की गिनती की गई, जिसमें 255 वोट खारिज कर दिए गए और बीजेपी उम्मीदवार को विजयी घोषित किया गया। बाद में कांग्रेस उम्मीदवार ने इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी।
मामले का विस्तृत विवरण
बार एंड बेंच की रिपोर्ट के अनुसार, कर्नाटक की श्रंगेरी विधानसभा सीट पर 2023 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के टीडी राजगौड़ा को 201 मतों के अंतर से विजयी घोषित किया गया था। बीजेपी के उम्मीदवार डीएन जीवराज ने परिणामों के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की, जिसमें उन्होंने पोस्टल बैलेट की वैधता और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। कर्नाटक हाईकोर्ट ने 6 अप्रैल को मामले की सुनवाई के बाद पोस्टल वोटों की पुनः गिनती और 279 पोस्टल मतों के सत्यापन का आदेश दिया।
पोस्टल वोटों की पुनः गिनती
हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार, 3 मई को पोस्टल वोटों की पुनः गिनती की गई, जिसमें 255 पोस्टल वोट खारिज कर दिए गए, जो सभी कांग्रेस के पक्ष में थे। इस प्रकार, 201 वोटों के मामूली अंतर से विजयी घोषित कांग्रेस के टीडी राजगौड़ा के मुकाबले बीजेपी के डीएन जीवराज को विजयी घोषित कर दिया गया।
सुप्रीम कोर्ट में टीडी राजगोड़ा की अपील
कांग्रेस उम्मीदवार टीडी राजगोड़ा ने 3 मई को घोषित परिणामों को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। मामले की सुनवाई करते हुए, जस्टिस संजय कुमार और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की खंडपीठ ने "स्टेटस को" (मतगणना से पहले की स्थिति) बनाए रखने का आदेश देते हुए टीडी राजगौड़ा की विधायकी बहाल कर दी। राजगौड़ा के अधिवक्ता तुषार गिरी ने कोर्ट को बताया कि हाईकोर्ट ने केवल 279 पोस्टल वोटों का सत्यापन करने का आदेश दिया था, जबकि रिटर्निंग ऑफिसर ने 562 वैध मतों का भी सत्यापन किया और 255 वोट खारिज कर दिए। सुप्रीम कोर्ट ने बीजेपी उम्मीदवार पर कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि "हम आपको लोकतंत्र को हाईजैक करने की अनुमति नहीं दे सकते।"
