सीधी में गरीब आदिवासी लड़की की मुख्यमंत्री से मिलने की कोशिश ने दिल छू लिया
मुख्यमंत्री से न मिल पाने का दर्द
सीधी: मध्य प्रदेश के सीधी जिले में एक भावुक घटना सामने आई है, जिसमें एक गरीब आदिवासी लड़की मुख्यमंत्री से न मिल पाने के कारण रो पड़ी। यह दृश्य एक वीडियो में कैद हुआ और अब सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है, जिसने लोगों के दिलों को छू लिया है। इस लड़की का नाम अनामिका है, जो बैगा जनजाति से संबंधित है और चिंगवाह गांव में रहती है।
आवेदन जमा करने की उम्मीद
अनामिका मुख्यमंत्री द्वारा आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम में इस उम्मीद से गई थी कि वह अपना आवेदन जमा कर सके और अपनी पढ़ाई के लिए मदद मांग सके। हालांकि, सुरक्षा व्यवस्था और कार्यक्रम की व्यस्तता के कारण वह मुख्यमंत्री से नहीं मिल पाई।
नीट की तैयारी कर रही छात्रा "अनामिका" को डॉक्टर बनने हैं जो असहाय गरीब परिवार दलित पिछड़े वर्ग से है...
— pk ..मौर्यवंश की बेटी (@speak000000) January 9, 2026
आर्थिक सहयोग के लिए सरकारी दफ्तरों से नेताओं के कार्यालयों तक चक्कर काट चुकी !
लेकिन कोई मदद सहयोग नहीं मिली...
अंततः अंतिम उम्मीद से "मुख्यमंत्री जी" से मिलने पहुंची, लेकिन… pic.twitter.com/NUHPGVlPeZ
डॉक्टर बनने का सपना
अनामिका का सपना है कि वह डॉक्टर बने। वह अपने समुदाय और देश की सेवा करना चाहती है, लेकिन उसके परिवार की आर्थिक स्थिति बहुत खराब है। उसके पिता दिहाड़ी मजदूर हैं, जिससे घर का खर्च चलाना भी मुश्किल हो रहा है। मेडिकल की पढ़ाई का खर्च उसके सपने को और कठिन बना रहा है।
'मैं पढ़ना चाहती...'
उसने कहा, 'मैं पढ़ना चाहती हूं, मैं डॉक्टर बनना चाहती हूं, लेकिन हमारे पास पैसे नहीं हैं। मेरे पिता मजदूर हैं और मुझे नहीं पता कि मैं अपनी पढ़ाई का खर्च कैसे उठाऊंगी। यह चिंता मुझे हर दिन परेशान करती है।' अनामिका पहले भी कई अधिकारियों से मदद के लिए संपर्क कर चुकी है।
कई अधिकारियों से मिल चुकी है अनामिका
अनामिका ने क्षेत्रीय विधायक, सांसद और जिला कलेक्टर से कई बार वित्तीय सहायता के लिए मुलाकात की है, लेकिन अभी तक उसे कोई मदद नहीं मिली है। मुख्यमंत्री का कार्यक्रम उसकी अंतिम उम्मीद थी, क्योंकि उसे उम्मीद थी कि उसे छात्रवृत्ति या सरकारी योजना मिलेगी।
मुख्यमंत्री तक पहुंचने की गुहार
कार्यक्रम में, अनामिका ने महिला पुलिस अधिकारियों से मुख्यमंत्री तक पहुंचने की गुहार लगाई, लेकिन सुरक्षा प्रोटोकॉल के कारण उसे आगे नहीं बढ़ने दिया गया। इससे वह निराश और भावुक हो गई और फूट-फूटकर रो पड़ी।
रोने का वीडियो वायरल
अनामिका के रोने का वीडियो वायरल हो गया है, जिससे पूरे देश में चिंता फैल गई है। लोग अधिकारियों से इस प्रतिभाशाली और जरूरतमंद छात्रा की मदद करने की अपील कर रहे हैं। बैगा आदिवासी समुदाय से होने के बावजूद उसे अब तक कोई सहायता नहीं मिली है। फिर भी, उसकी आंखों में उम्मीद की एक किरण बाकी है कि उसकी आवाज सही जगह तक पहुंचेगी और उसका सपना पूरा होगा।
