उत्तर भारत में ठंड का कहर: शीत लहर और घने कोहरे का अलर्ट
ठंड का प्रकोप बढ़ता जा रहा है
नई दिल्ली: उत्तर भारत में ठंड का प्रभाव लगातार बढ़ता जा रहा है। भीषण शीत लहर के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है, और आने वाले दिनों में स्थिति और भी कठिन हो सकती है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, अगले सप्ताह के दौरान उत्तर भारत और मध्य भारत के कई क्षेत्रों में रात और सुबह के समय घना से बहुत घना कोहरा छाने की संभावना है। इससे सड़क, रेल और हवाई यातायात पर असर पड़ सकता है।
राज्यों में शीत लहर की चेतावनी
मौसम विभाग ने 5 जनवरी के लिए उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पश्चिमी मध्य प्रदेश और बिहार के कुछ क्षेत्रों में शीत लहर का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में ठंडी हवाओं के तेज होने और तापमान में गिरावट की संभावना जताई गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे बना रह सकता है, जिससे ठंड का असर और बढ़ सकता है।
कोहरे से बढ़ेगी मुश्किलें
आईएमडी के अनुसार, विशेष रूप से उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में सुबह और देर रात घना कोहरा देखने को मिलेगा। कई स्थानों पर दृश्यता बेहद कम हो सकती है, जिससे वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता होगी। कोहरे और ठंड के इस संयोजन से आम लोगों के साथ-साथ किसानों और दैनिक यात्रियों को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।
पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम की हलचल
मौसम विशेषज्ञ देवेंद्र त्रिपाठी के अनुसार, मैदानी इलाकों में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी, जबकि पहाड़ी क्षेत्रों में हल्की मौसमी गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। उन्होंने बताया कि 5 जनवरी को कश्मीर से उत्तराखंड तक पहाड़ों में शाम के समय बादल छा सकते हैं।
देवेंद्र के अनुसार, जम्मू-कश्मीर के कुछ सीमित क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी की संभावना है। वहीं, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भी शाम के समय हल्की हिमपात हो सकती है। हालांकि, यह गतिविधि व्यापक नहीं होगी, लेकिन ठंड को और बढ़ा सकती है।
दिल्ली-एनसीआर में मौसम का हाल
दिल्ली और एनसीआर के मौसम की बात करें तो मौसम विभाग ने 5 जनवरी को आसमान मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान जताया है। हालांकि, सुबह के समय कई इलाकों में हल्की धुंध और कुछ स्थानों पर मध्यम कोहरा छा सकता है। राजधानी में न्यूनतम तापमान लगभग 7 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान लगभग 19 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
देवेंद्र त्रिपाठी का कहना है कि दिल्ली में दोपहर से पहले मौसम अपेक्षाकृत साफ रहेगा, लेकिन दोपहर के बाद पंजाब, हरियाणा और दिल्ली के कुछ हिस्सों में हल्के बादल छा सकते हैं। इससे तापमान में हल्की गिरावट महसूस की जा सकती है।
दक्षिण भारत में मौसम में बदलाव
उत्तर भारत के विपरीत, दक्षिण भारत में मौसम धीरे-धीरे बदल सकता है। देवेंद्र के अनुसार, बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक वायु संचार प्रणाली विकसित हो रही है, जिससे तटीय आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में बादलों की संख्या बढ़ेगी। इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है। अनुमान है कि कर्नाटक, बेंगलुरु और तेलंगाना के कई हिस्सों में जल्द ही बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। इससे दक्षिण भारत में मौसम ठंडा और सुहावना होने की संभावना है।
सावधानी बरतने की सलाह
मौसम विभाग ने लोगों को ठंड और कोहरे को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को ठंड से बचाव के उपाय अपनाने को कहा गया है। वाहन चालकों को भी कोहरे के दौरान धीमी गति और सावधानी से यात्रा करने की आवश्यकता है।
