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हरियाणा के जींद में रंग बनाने वाली फैक्ट्री में आग: चार महिलाओं की मौत, कई घायल

हरियाणा के जींद जिले में एक रंग बनाने वाली फैक्ट्री में भीषण आग लग गई, जिसमें चार महिलाओं की जान चली गई और कई लोग गंभीर रूप से झुलस गए। घटना ने इलाके में हड़कंप मचा दिया है। आग लगने का कारण केमिकल और ज्वलनशील सामग्री का होना बताया जा रहा है। प्रशासन ने घायलों के इलाज के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की हैं। जानें इस दर्दनाक हादसे की पूरी कहानी।
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हरियाणा के जींद में रंग बनाने वाली फैक्ट्री में आग: चार महिलाओं की मौत, कई घायल

जींद में भीषण आग का हादसा


जींद: हरियाणा के जींद जिले में एक दुखद घटना घटी है। सफीदों क्षेत्र में होली के रंग बनाने वाली एक फैक्ट्री में सुबह अचानक आग लग गई, जिससे चार महिलाओं की जान चली गई और कई लोग गंभीर रूप से झुलस गए। इस घटना ने इलाके में हड़कंप मचा दिया है।


हादसे का कारण

सुबह लगभग 11 बजे, जब फैक्ट्री में काम चल रहा था, अचानक आग की लपटें उठने लगीं और पूरा परिसर धुएं से भर गया। इस फैक्ट्री में कुल 17 श्रमिक काम कर रहे थे, जिनमें 5 पुरुष और 12 महिलाएं शामिल थीं।


रंग बनाने के काम के कारण फैक्ट्री में ज्वलनशील सामग्री और केमिकल मौजूद थे, जिससे आग तेजी से फैल गई। श्रमिकों ने बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन कई लोग फंस गए और गंभीर रूप से झुलस गए।


मौत और घायलों की संख्या

चार महिलाओं की मौके पर मौत


आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि चार महिलाओं की मौके पर ही जान चली गई। ये महिलाएं रंग बनाने का कार्य कर रही थीं। मृतकों में सिंघपुरा गांव की पिंकी, सफीदों वार्ड नंबर 9 की गुड्डी, दिग्गी मोहल्ला की पूजा और आदर्श कॉलोनी की ऊषा शामिल हैं। इनकी दर्दनाक मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है।


13 लोग गंभीर रूप से झुलसे


अन्य श्रमिकों में से 13 लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। इन घायलों को तुरंत स्थानीय नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहां से गंभीर स्थिति में 6 लोगों को रोहतक के पीजीआई में रेफर किया गया।


रोहतक में भर्ती दो मरीजों की स्थिति अभी भी नाजुक बताई जा रही है। नागरिक अस्पताल में एक युवक पवन का इलाज चल रहा है, जिसके शरीर का केवल 8 प्रतिशत ही जल गया है। अन्य घायलों की स्थिति पर डॉक्टरों की नजर बनी हुई है।


प्रशासन की प्रतिक्रिया

प्रशासन द्वारा सहायता


हादसे की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमें मौके पर पहुंच गईं। आग बुझाने में काफी मेहनत करनी पड़ी क्योंकि फैक्ट्री में रखे रंग और केमिकल आग को और भड़काने का काम कर रहे थे।


स्थानीय लोग भी मदद के लिए आगे आए, लेकिन श्रमिकों को बचाना मुश्किल हो गया। प्रशासन ने घायलों के इलाज के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की हैं और मृतकों के परिवारों को सहायता देने का आश्वासन दिया है।