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ईद-उल-अजहा पर कुर्बानी के नियमों का पालन करें: मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी

मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी ने ईद-उल-अजहा के अवसर पर मुस्लिम समुदाय से अपील की है कि वे केवल वैध जानवरों की कुर्बानी करें। उन्होंने भारत की सांस्कृतिक विविधता और गाय के प्रति सम्मान की बात की। मौलाना ने युवाओं से सोशल मीडिया पर भड़काऊ सामग्री साझा न करने की भी सलाह दी। जानें उनके विचार और बकरीद का असली संदेश क्या है।
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ईद-उल-अजहा पर कुर्बानी के नियमों का पालन करें: मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी

मुस्लिम समाज से अपील

नई दिल्ली: मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी ने ईद-उल-अजहा (बकरीद) के अवसर पर मुस्लिम समुदाय से आग्रह किया है कि वे केवल उन जानवरों की कुर्बानी करें, जिनकी अनुमति भारतीय संविधान और कानून में दी गई है। उन्होंने बताया कि इस्लाम शांति, भाईचारे और मानवता का धर्म है, इसलिए किसी भी ऐसी कुर्बानी से बचना चाहिए जो किसी धर्म या समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचा सकती है।


भारत की सांस्कृतिक विविधता

मौलाना ने कहा कि भारत गंगा-जमुनी तहज़ीब का प्रतीक है, जहां विभिन्न धर्मों के लोग एक साथ रहते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि गाय हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण प्रतीक है, इसलिए मुसलमानों को चाहिए कि वे उसकी ओर देखना भी न चाहें और देश में प्रेम, शांति और सामाजिक सौहार्द को बढ़ावा दें।


त्याग और इंसानियत का संदेश

उन्होंने आगे कहा कि ईद-उल-अजहा का असली संदेश त्याग, मानवता और अल्लाह के प्रति समर्पण है, न कि विवाद या तनाव उत्पन्न करना। इस अवसर पर कानून का पालन करना और दूसरों की धार्मिक भावनाओं का सम्मान करना सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है। मौलाना ने मुस्लिम युवाओं से भी अपील की कि वे सोशल मीडिया पर भड़काऊ या विवादित सामग्री साझा करने से बचें और त्योहार को शांति और सादगी के साथ मनाएं।


गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग

मौलाना जावेद हैदर ज़ैदी ने केंद्र सरकार से मांग की कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किया जाए, ताकि देश में सामाजिक एकता और भाईचारे का संदेश और मजबूत हो सके। उन्होंने कहा कि भारत की साझा संस्कृति और राष्ट्रीय एकता को बनाए रखने के लिए सभी समुदायों को एक-दूसरे की आस्थाओं का सम्मान करना आवश्यक है।


बकरीद का संदेश

अंत में, उन्होंने कहा कि बकरीद का पर्व प्रेम, त्याग और मानवता का संदेश देता है, और सभी नागरिकों को कानून और संविधान के दायरे में रहकर त्योहार मनाना चाहिए।