गंगा दशहरा पर राशि अनुसार दान का महत्व
गंगा दशहरा का पर्व सनातन धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस दिन मां गंगा के धरती पर अवतरण की मान्यता है। श्रद्धा से किया गया दान जीवन के कष्टों को दूर करता है और अक्षय पुण्य की प्राप्ति कराता है। जानें राशि अनुसार दान करने की विधि और इसके लाभ।
| May 21, 2026, 16:38 IST
अक्षय पुण्य की प्राप्ति और जीवन के कष्टों का निवारण
गंगा दशहरा का पर्व सनातन धर्म में अत्यंत पवित्र और पुण्यदायी माना जाता है। यह मान्यता है कि इसी दिन मां गंगा स्वर्ग से धरती पर आई थीं। इस अवसर पर गंगा स्नान, पूजा, जप-तप और दान का विशेष महत्व है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, गंगा दशहरा पर श्रद्धा से किया गया दान व्यक्ति के जीवन के कई कष्टों को दूर करता है और अक्षय पुण्य की प्राप्ति कराता है। पंचांग के अनुसार, वर्ष 2026 में गंगा दशहरा 25 मई को मनाया जाएगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यदि व्यक्ति अपनी राशि के अनुसार दान करता है, तो उसका फल कई गुना बढ़ जाता है।
राशि अनुसार दान की सूची
राशि अनुसार क्या करें दान?
- मेष राशि: लाल वस्त्र, गुड़ और मसूर दाल का दान करें। इससे आत्मविश्वास बढ़ता है।
- वृषभ राशि: सफेद वस्त्र, चावल, दूध और मिठाई का दान करें। इससे आर्थिक स्थिति मजबूत होती है।
- मिथुन राशि: हरी मूंग, हरे फल और हरे वस्त्र का दान करें। इससे बुद्धि में सुधार होता है।
- कर्क राशि: दूध, चावल और चांदी की वस्तुओं का दान करें। इससे परिवार में सुख-शांति बनी रहती है।
- सिंह राशि: गेहूं, तांबे के बर्तन और लाल फल का दान करें। इससे मान-सम्मान मिलता है।
- कन्या राशि: हरी सब्जियां, मूंग दाल और किताबों का दान करें। इससे करियर में लाभ होता है।
- तुला राशि: सफेद मिठाई, इत्र और वस्त्र का दान करें। इससे रिश्तों में मधुरता आती है।
- वृश्चिक राशि: लाल फल, गुड़ और तांबे की वस्तुओं का दान करें। इससे नकारात्मकता दूर होती है।
- धनु राशि: पीले वस्त्र, हल्दी, चना दाल और केले का दान करें। इससे भाग्य मजबूत होता है।
- मकर राशि: काले तिल, कंबल और लोहे की वस्तुओं का दान करें। इससे शनि दोष कम होता है।
- कुंभ राशि: जल से भरे पात्र, नीले वस्त्र और उड़द दाल का दान करें। इससे जीवन में स्थिरता आती है।
- मीन राशि: पीले फल, केसर, हल्दी और धार्मिक पुस्तकों का दान करें। इससे मानसिक शांति मिलती है।
