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जोस बटलर का अहमदाबाद में RCB के खिलाफ फाइनल से पहले बड़ा बयान

जोस बटलर ने अहमदाबाद में RCB के खिलाफ फाइनल से पहले अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि कैसे स्टेडियम में RCB के फैंस का जोश है और उन्होंने युवा खिलाड़ियों को दबाव का सामना करने की सलाह दी। बटलर ने कहा कि यह मैच उनके लिए एक खास अवसर है और उन्होंने इसे एक चुनौती के रूप में लेने की बात की। जानें उनके विचार और फाइनल की तैयारी के बारे में और अधिक जानकारी।
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जोस बटलर का अहमदाबाद में RCB के खिलाफ फाइनल से पहले बड़ा बयान

जोस बटलर की फाइनल से पहले की बातचीत


नई दिल्ली: गुजरात टाइटंस के प्रमुख बल्लेबाज जोस बटलर ने फाइनल मुकाबले से पहले एक ब्रॉडकास्टर के साथ चर्चा की। इस सीजन में बटलर ने GT के लिए शानदार प्रदर्शन करते हुए 507 रन बनाए हैं। खिताबी मुकाबला RCB के खिलाफ अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में आयोजित होगा, जो GT का घरेलू मैदान है।


RCB के फैंस का जोश

स्टेडियम में दिख रहा RCB का क्रेज


बटलर ने कहा कि यह मैच बिल्कुल भी घरेलू खेल जैसा नहीं लग रहा है। एक लाख दर्शकों की क्षमता वाला स्टेडियम लगभग पूरी तरह से लाल और सुनहरे रंग में रंगा हुआ है। मैदान पर RCB के समर्थकों की संख्या बहुत अधिक है, जिससे ऐसा लगता है कि GT अपने घर में नहीं खेल रही है।


क्या मिलेगा होम ग्राउंड का फायदा?

होम ग्राउंड का फायदा मिलेगा?


बटलर ने स्वीकार किया कि यह स्थान उनके लिए परिचित है। उन्होंने यहां काफी क्रिकेट खेला है और पिच की स्थिति को अच्छी तरह से समझते हैं। उन्हें पता है कि मौसम से क्या अपेक्षा करनी है। लेकिन दर्शकों के समर्थन के मामले में, यह निश्चित रूप से घरेलू समर्थन नहीं होगा, क्योंकि अधिकांश दर्शक विपक्षी टीम का समर्थन कर रहे हैं।


युवाओं के लिए बटलर की सलाह

युवा खिलाड़ियों को बटलर की सलाह


बटलर ने कहा कि भारत में बड़े हुए अधिकांश खिलाड़ी शोर और दबाव के माहौल के आदी होते हैं, जो उन्हें बड़े मैचों का सामना करने का साहस प्रदान करता है। फाइनल होने के कारण यह मैच थोड़ा अलग है, लेकिन उनका ध्यान केवल उन चीजों पर होना चाहिए जो उनके नियंत्रण में हैं। उन्हें उसी तरह की क्रिकेट खेलनी चाहिए जैसी उन्होंने पूरे सीजन में खेली है।


उन्होंने आगे कहा कि इस अवसर को अपनाना चाहिए और इसका आनंद लेना चाहिए। यह वही मंच है जिसका सपना हर खिलाड़ी देखता है। मैदान पर उतरते समय, ध्यान केवल क्रिकेट पर होना चाहिए।


दबाव को सौभाग्य मानते हैं बटलर

दबाव को बताया सौभाग्य


बटलर के अनुसार, बड़े मैचों का हिस्सा बनना, लाखों दर्शकों के सामने खेलना और ट्रॉफी के लिए प्रतिस्पर्धा करना एक सौभाग्य है। ये वही क्षण हैं जिनका हर क्रिकेटर सपना देखता है। इसलिए, दबाव का सामना करना चाहिए और इसे एक चुनौती के रूप में लेना चाहिए। यही वह स्थान है जहां हर खिलाड़ी पहुंचना चाहता है।