कीरोन पोलार्ड ने टी20 क्रिकेट में 14,000 रन का मील का पत्थर पार किया
कीरोन पोलार्ड की नई उपलब्धि
कीरोन पोलार्ड, टी20 क्रिकेट के एक प्रमुख ऑलराउंडर, ने अपने शानदार करियर में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। सीपीएल 2025 में ट्रिनबागो नाइट राइडर्स और बारबाडोस रॉयल्स के बीच खेले गए मैच में, पोलार्ड ने टी20 क्रिकेट में 14,000 रन बनाने वाले दूसरे खिलाड़ी बनकर अपनी छाप छोड़ी। इस उपलब्धि के साथ, उन्होंने न केवल अपने खेल का लोहा मनवाया, बल्कि कई रिकॉर्ड भी अपने नाम किए।क्रिस गेल के बाद, पोलार्ड ही दूसरे खिलाड़ी हैं जिन्होंने इस प्रारूप में इतने रन बनाए हैं। गेल ने 14,562 रन बनाए हैं और अब सक्रिय नहीं हैं, जिससे पोलार्ड के लिए इस नए रिकॉर्ड को तोड़ना आसान हो गया है। वर्तमान में, पोलार्ड के नाम 14,000 रन हैं और उन्हें अगला बड़ा रिकॉर्ड बनाने के लिए केवल 562 रन की आवश्यकता है।
इस मैच में पोलार्ड ने नाबाद 19 रन की तेज पारी खेली, जिसमें एक छक्का भी शामिल था। इस छक्के के साथ, उन्होंने कैरेबियन प्रीमियर लीग में सबसे अधिक छक्के लगाने का रिकॉर्ड तोड़ दिया। पोलार्ड ने 130 मैचों में कुल 204 छक्के लगाए, जो पहले के रिकॉर्ड धारक एविन लुईस के 203 छक्कों से एक अधिक है। लुईस ने 111 मैचों में यह रिकॉर्ड बनाया था, लेकिन पोलार्ड की निरंतरता और आक्रामकता ने उन्हें पीछे छोड़ दिया।
ट्रिनबागो नाइट राइडर्स की जीत और तालिका पर प्रभाव
कीरोन पोलार्ड के नेतृत्व में, ट्रिनबागो नाइट राइडर्स ने सीपीएल के इस सीजन में शानदार प्रदर्शन किया है। बारबाडोस रॉयल्स के खिलाफ अपने पांचवें मैच में, उन्होंने सात विकेट से जीत हासिल की। इस मुकाबले में, बारबाडोस ने 178 रन बनाए, लेकिन ट्रिनबागो के सलामी बल्लेबाज कॉलिन मुनरो और निकोलस पूरन ने शानदार अर्धशतक लगाकर लक्ष्य को आसानी से हासिल कर लिया।
बारबाडोस की टीम मध्यक्रम में संघर्ष करती नजर आई। कदीम एलेन ने 41 रन बनाए, लेकिन उनकी धीमी स्ट्राइक रेट के कारण टीम पर दबाव बना रहा। वहीं, शेरफेन रदरफोर्ड और पॉवेल की तेज पारियों ने टीम को 178 का सम्मानजनक स्कोर बनाने में मदद की। हालांकि, ट्रिनबागो के बल्लेबाजों की संयमित और आक्रामक बल्लेबाजी ने मैच को अपने पक्ष में कर दिया।
अनुभव और प्रेरणा
38 वर्षीय पोलार्ड ने अपने अनुभव और आक्रामक खेल से न केवल खेल का लोहा मनवाया, बल्कि युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा भी बने। उनका यह रिकॉर्ड यह दर्शाता है कि क्रिकेट के इस तेज़ प्रारूप में धैर्य और क्षमता कितनी महत्वपूर्ण हैं। पोलार्ड की यह उपलब्धि टी20 क्रिकेट के इतिहास में उनकी अमिट छाप के रूप में जानी जाएगी।
उनका कहना है कि इस सफर में मेहनत और लगन के साथ-साथ सही सोच और समय के अनुसार खुद को परखने की क्षमता भी आवश्यक है। क्रिकेट प्रेमी आने वाले मैचों में उनकी शानदार पारियों और धमाकेदार छक्कों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।