बांग्लादेश के अंपायर की भारत में अंपायरिंग पर उठे सवाल
बांग्लादेश के अंपायर की भूमिका
नई दिल्ली: बांग्लादेश के अंपायर शरफुद्दौला सैकत वर्तमान में भारत और न्यूजीलैंड के बीच चल रही वनडे श्रृंखला में अंपायरिंग कर रहे हैं। वडोदरा के कोटाम्बी स्टेडियम में पहले वनडे मैच में उन्होंने थर्ड अंपायर की भूमिका निभाई। उनकी उपस्थिति पर चर्चा इसलिए बढ़ गई है क्योंकि हाल ही में बांग्लादेश ने भारत में सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की थी।
सुरक्षा पर उठे सवाल
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने भारत में होने वाले टी-20 वर्ल्ड कप के संदर्भ में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद को दो पत्र भेजे थे। इन पत्रों में भारत में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए गए थे और अनुरोध किया गया था कि उनके मैच किसी अन्य देश में आयोजित किए जाएं। हाल ही में बीसीसीआई के निर्देशों के बाद कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) ने बांग्लादेशी खिलाड़ी मुस्ताफिजुर रहमान को रिलीज कर दिया था, जिससे बांग्लादेश ने अपनी नाराजगी व्यक्त की थी।
बीसीबी की सफाई
इन घटनाओं के बाद क्रिकेट जगत में एक महत्वपूर्ण प्रश्न उठने लगा है। यदि बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड भारत को अपने खिलाड़ियों के लिए सुरक्षित नहीं मानता, तो फिर उसी देश में एक बांग्लादेशी अंपायर की नियुक्ति कैसे की जा सकती है। इस पर बीसीबी ने स्पष्टीकरण दिया है।
अंपायर समिति के अध्यक्ष का बयान
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड की अंपायर समिति के अध्यक्ष इफ्तेखार रहमान ने इस मामले पर स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि शरफुद्दौला सैकत सीधे तौर पर आईसीसी के साथ अनुबंधित हैं, न कि बीसीबी के साथ। उन्होंने कहा कि सैकत को जो भी अंपायरिंग का कार्य सौंपा जाता है, वह आईसीसी द्वारा निर्धारित होता है।
ड्यूटी में हस्तक्षेप नहीं
रिपोर्ट के अनुसार, इफ्तेखार रहमान ने कहा कि बीसीबी का सैकत की आईसीसी ड्यूटी में कोई हस्तक्षेप नहीं होता। उनके अनुसार, सैकत के जॉब कॉन्ट्रैक्ट में स्पष्ट लिखा है कि जब भी उन्हें आईसीसी से कोई असाइनमेंट मिलता है, तो वह अपने आप बीसीबी से छुट्टी पर माने जाते हैं। इसके लिए किसी अनुमति या एनओसी की आवश्यकता नहीं होती।
उन्होंने यह भी कहा कि बीसीबी को न तो सैकत को रोकने का अधिकार है और न ही उन्हें रिलीज करने का निर्णय बोर्ड करता है। आईसीसी का आदेश मिलने पर सैकत को अपनी ड्यूटी निभानी होती है। यही कारण है कि वह भारत में चल रही वनडे श्रृंखला में अंपायरिंग कर रहे हैं।
चिंताओं को गंभीरता से नहीं लिया गया
इससे पहले बांग्लादेश सरकार के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल ने भी इस मुद्दे पर बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि बांग्लादेश की राष्ट्रीय टीम किसी भी टूर्नामेंट में भाग लेने के लिए देश की गरिमा से समझौता नहीं करेगी। उन्होंने यह भी बताया कि बीसीबी को आईसीसी से एक पत्र मिला है, लेकिन उनका मानना है कि आईसीसी अब तक बांग्लादेश की सुरक्षा चिंताओं को गंभीरता से नहीं ले रही है।
ग्रुप C में बांग्लादेश
गौरतलब है कि बांग्लादेश टी-20 वर्ल्ड कप में अपने अभियान की शुरुआत 7 फरवरी को कोलकाता के ईडन गार्डन्स में वेस्टइंडीज के खिलाफ करेगा। बांग्लादेश की टीम ग्रुप C में है, जिसमें इंग्लैंड, इटली और नेपाल भी शामिल हैं.
