अमेरिका का वेनेजुएला पर कड़ा रुख: क्या है पश्चिमी गोलार्द्ध की सुरक्षा का सच?
अमेरिका और वेनेजुएला के बीच बढ़ता तनाव
नई दिल्ली: अमेरिका और लैटिन अमेरिका के बीच वेनेजुएला को लेकर टकराव और भी बढ़ता जा रहा है। संयुक्त राष्ट्र के मंच से अमेरिका ने स्पष्ट रूप से कहा है कि वह पश्चिमी गोलार्द्ध में अपने प्रभाव को बनाए रखेगा और किसी भी प्रतिकूल ताकत की दखलअंदाजी को बर्दाश्त नहीं करेगा।
संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका का सख्त संदेश
संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका के राजदूत माइक वाल्ट्ज ने वेनेजुएला में अमेरिकी ऑपरेशन का समर्थन करते हुए कहा कि अमेरिका इस क्षेत्र को अपने दुश्मनों और प्रतिद्वंद्वियों के लिए ऑपरेशन का अड्डा नहीं बनने देगा। उनके इस बयान को चीन और रूस के लिए सीधी चेतावनी माना जा रहा है।
वेनेजुएला के राजदूत की प्रतिक्रिया
जब माइक वाल्ट्ज ने यह बयान दिया, तब वहां मौजूद वेनेजुएला के राजदूत ने नाराजगी व्यक्त की। अमेरिका ने अपने ऑपरेशन को सही ठहराते हुए पश्चिमी गोलार्द्ध की अवधारणा पर जोर दिया।
पश्चिमी गोलार्द्ध की परिभाषा
पश्चिमी गोलार्द्ध पृथ्वी का वह भाग है जो प्राइम मेरिडियन (0° देशांतर) के पश्चिम और 180° देशांतर के पूर्व में स्थित है। इसमें मुख्य रूप से उत्तरी और दक्षिणी अमेरिका शामिल हैं, जैसे कि कनाडा, अमेरिका, मैक्सिको, ब्राजील, अर्जेंटीना और चिली।
मादुरो पर अमेरिका का तीखा हमला
अमेरिकी राजदूत ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को एक आरोपी ड्रग तस्कर बताते हुए कहा कि उन्हें वैध राष्ट्राध्यक्ष नहीं माना जा सकता। अमेरिका ने आरोप लगाया कि मादुरो ने चुनावी प्रणाली में हेरफेर किया है।
UN की भूमिका पर सवाल
वाल्ट्ज ने संयुक्त राष्ट्र की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि यह संस्था एक नाजायज नार्को-आतंकवादी को वैधता देती है, तो यह किस तरह का संगठन है?
मादुरो के कथित अपराध
राजदूत ने कहा कि मादुरो ने न केवल वेनेजुएला के लोगों की पीड़ा से संपत्ति बनाई, बल्कि उन्होंने अंतरराष्ट्रीय आतंकवादी संगठनों की मदद भी की।
ड्रग तस्करी का केंद्र
अमेरिका ने कहा कि वेनेजुएला पश्चिमी गोलार्द्ध में ड्रग तस्करी का एक प्रमुख रास्ता बन चुका है, जहां से कोकीन अमेरिका और यूरोप तक पहुंच रही है।
अमेरिका का दबदबा
वाल्ट्ज ने कहा कि अमेरिका पश्चिमी गोलार्द्ध को अपने दुश्मनों के लिए ऑपरेशन का अड्डा नहीं बनने देगा। उन्होंने यह भी कहा कि वेनेजुएला को ईरान और हिज़्बुल्लाह जैसे तत्वों के लिए ऑपरेटिंग हब नहीं बनने दिया जाएगा।
दुनिया के सबसे बड़े तेल भंडार पर नजर
अमेरिकी राजदूत ने कहा कि अमेरिका दुनिया के सबसे बड़े ऊर्जा भंडारों में से एक को दुश्मनों के नियंत्रण में नहीं छोड़ सकता।
ट्रंप प्रशासन का रुख
वाल्ट्ज ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप ने पहले कूटनीति का प्रयास किया था, लेकिन मादुरो ने प्रस्तावों को ठुकरा दिया। अमेरिका अपनी कार्रवाई से पीछे नहीं हटेगा और नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देगा।
