अमेरिका की ईरान को चेतावनी: प्रदर्शनकारियों की हत्या पर होगी प्रतिक्रिया
ट्रंप का बयान
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान में प्रदर्शनकारियों की हत्या जारी रही, तो वाशिंगटन जवाबी कार्रवाई के लिए तैयार है। यह बयान ईरान में महंगाई के खिलाफ हो रहे प्रदर्शनों के हिंसक होने के बाद आया है। कई शहरों में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़पें हुई हैं, जिसमें छह लोगों की मौत की सूचना है। ये मौतें अशांति के बढ़ने के बाद की पहली घटनाएं हैं। इन प्रदर्शनों के दौरान ट्रंप और ईरानी अधिकारियों के बीच तीखी बयानबाजी भी हुई है।
ट्रंप ने कहा कि यदि ईरान ने शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की हत्या की, तो अमेरिका हस्तक्षेप करेगा। इसके जवाब में, ईरान की सुप्रीम नैशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारीजानी ने कहा कि अमेरिका के लोगों को समझना चाहिए कि ट्रंप ने दुस्साहस किया है और उन्हें अपने सैनिकों का ध्यान रखना चाहिए।
सुप्रीम लीडर खामेनेई के सलाहकार अली शामखानी ने चेतावनी दी कि कोई भी हस्तक्षेप करने वाला हाथ जो ईरान की सुरक्षा के करीब आएगा, उसे काट दिया जाएगा। ईरानियों ने देखा है कि अमेरिका ने कैसे गाजा से अफगानिस्तान तक लोगों को बचाया।
ईरान में प्रदर्शन की स्थिति
ये प्रदर्शन आर्थिक मुद्दों से शुरू होकर अब ईरान की धार्मिक सत्ता के खिलाफ नारेबाजी तक पहुंच गए हैं। ईरान के कई शहरों और गांवों में, विशेषकर ग्रामीण और छोटे शहरों में, प्रदर्शन हो रहे हैं। जहां लुर समुदाय की अधिकता है, वहां गुस्सा अधिक देखने को मिल रहा है। जून में इस्राइल के साथ 12 दिन के युद्ध और अमेरिकी हमलों के बाद से ईरान पहले से ही दबाव में है। विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ते विरोध प्रदर्शन ईरान के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकते हैं।
ईरान सरकार की प्रतिक्रिया
ईरान की सरकार का मानना है कि विरोध का मुख्य कारण आर्थिक तंगी है। राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने कहा कि सरकार लोगों की बात सुनना चाहती है, लेकिन मुद्रा पर नियंत्रण पाना मुश्किल हो रहा है। सुरक्षा बलों ने कुछ लोगों को गिरफ्तार किया है और हथियार जब्त करने का दावा किया है। 2022 में महसा अमिनी की मौत के बाद हुए प्रदर्शनों के दौरान कई पत्रकारों को गिरफ्तार किया गया था, जिसके कारण स्थानीय मीडिया खुलकर रिपोर्टिंग नहीं कर पा रहा है।
सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई के सलाहकार अली शामखानी ने चेतावनी दी है कि 'ईरान की सुरक्षा में दखल देने वाले हाथ को काट दिया जाएगा।
