ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव: अहमदीनेजाद की मौत के बाद की स्थिति
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन ने दुश्मनों के खिलाफ हमलों की घोषणा की है, जबकि पूर्व राष्ट्रपति अहमदीनेजाद की इजरायली हमले में मौत हो गई है। इस घटना के बाद इजरायल ने अपने हमलों को जारी रखा है, जिसमें कई ईरानी लड़ाकू विमानों को नष्ट किया गया है। खामेनेई की मौत के बाद इजरायल का अभियान 'ऑपरेशन रोरिंग लायन' के तहत जारी है। जानें इस संघर्ष के पीछे की पूरी कहानी और इसके संभावित परिणाम।
| Mar 1, 2026, 19:41 IST
ईरान के राष्ट्रपति का बयान
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी सशस्त्र सेनाएं दुश्मनों के ठिकानों पर हमले जारी रखेंगी। उन्होंने यह भी बताया कि हमारे नेता की शहादत वर्षों के बलिदान का परिणाम है। इस बीच, मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, शनिवार को इजरायली वायु सेना के हमले में पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद की मौत हो गई। उनके साथ कई करीबी सलाहकार और अंगरक्षक भी इस हमले में मारे गए।
अहमदीनेजाद की सुरक्षा और हमले का विवरण
रिपोर्टों के अनुसार, अहमदीनेजाद की सुरक्षा में तैनात अंगरक्षक इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के सदस्य थे। इजरायली वायु सेना ने उस इमारत पर हमला किया, जहां अहमदीनेजाद और उनकी टीम मौजूद थी। अहमदीनेजाद का निवास तेहरान के नर्मक जिले में स्थित है। हमले के बाद वहां की तबाही के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए हैं। खबरों में यह भी कहा गया है कि हवाई हमलों में दो छात्र भी मारे गए।
इजरायल का हमला जारी
इजरायल ने ईरान पर हमले जारी रखते हुए तेहरान में इस्लामिक गणराज्य के सेना मुख्यालय को निशाना बनाया और कई लड़ाकू विमानों को नष्ट कर दिया। इजरायली रक्षा बलों ने बासिज बलों के मुख्यालय और तब्रीज़ हवाई अड्डे पर भी हमले किए, जिसमें दो ईरानी एफ-5 और एफ-4 लड़ाकू विमान नष्ट हुए। आईडीएफ ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर हमले का वीडियो साझा करते हुए कहा कि यह हमला ईरानी वायु सेना की गतिविधियों को कमजोर करने के लिए किया गया था।
खामेनेई की मौत और इजरायल का अभियान
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की इन हमलों में मौत हो चुकी है, लेकिन इजरायल ने कहा है कि वह इस्लामी गणराज्य पर हमले जारी रखेगा। इजरायल ने खामेनेई के आवास पर हुए हमलों का एक वीडियो भी जारी किया है और इसे 'ऑपरेशन रोरिंग लायन' नाम दिया है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि यह अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक आवश्यक होगा। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के कारण मध्य पूर्व के लोग डर में जी रहे हैं।
