ईरान का इजरायल पर बैलेस्टिक मिसाइल हमले का दावा
ईरान ने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय पर बैलेस्टिक मिसाइल से हमले का दावा किया है। इस हमले के पीछे ईरानी सेना का कहना है कि यह एक सफल और सटीक हमला था, जिससे इजरायल को बड़ा नुकसान हुआ है। जानें इस हमले की विशेषताएँ और इसके संभावित परिणाम क्या हो सकते हैं।
| Mar 2, 2026, 17:02 IST
ईरान का बड़ा बयान
ईरान ने इजरायल के खिलाफ एक गंभीर आरोप लगाया है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय पर बैलेस्टिक मिसाइल से हमले के बाद, ईरानी सेना ने एक बयान जारी किया। इस बयान में कहा गया है कि नेतन्याहू का भविष्य अनिश्चित है और जल्द ही कामयाबी की जानकारी दी जाएगी। पहले यह कहा गया था कि लक्ष्य को सफलतापूर्वक निशाना बनाया गया है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) ने सोमवार को यह दावा किया कि उसने तेल अवीव में नेतन्याहू के कार्यालय को सफलतापूर्वक टारगेट किया है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि क्या 76 वर्षीय नेतन्याहू उस समय कार्यालय में मौजूद थे। आईआरजीसी ने एक बयान में कहा कि इजरायली प्रधानमंत्री के कार्यालय और वायु सेना कमांडर के ठिकाने पर खेबर शेकान बैलेस्टिक मिसाइलों से अचानक हमले किए गए।
मिसाइल की विशेषताएँ
जिस बैलेस्टिक मिसाइल का उपयोग किया गया, उसकी खासियत यह है कि इसे मोबाइल लांचर से भी दागा जा सकता है। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसका वॉरहेड उड़ान के अंतिम चरण में दिशा बदल सकता है, जिससे इसे इंटरसेप्ट करना एयर डिफेंस सिस्टम के लिए बहुत कठिन हो जाता है। इजरायल के पास आयरन डोम है, जो मिसाइलों और ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर सकता है। लेकिन यदि इस मिसाइल का सही तरीके से उपयोग किया गया, तो यह सीधे लक्ष्य पर जाकर लगती है। इसकी मारक क्षमता 2500 किमी है और आयरन डोम भी इसे इंटरसेप्ट नहीं कर पाता।
आईआरजीसी का दावा
आईआरजीसी का कहना है कि उसने पीएम के कार्यालय को सफलतापूर्वक हिट किया है और यह दावा किया गया है कि यह हमला सटीक और सफल रहा है, जिससे इजरायल को बड़ा नुकसान हुआ है। अब आईआरजीसी इस बात का इंतजार कर रहा है कि इजरायल की तरफ से इस पर क्या प्रतिक्रिया आती है।
