चीन के राष्ट्रपति का बड़ा बयान: अमेरिका-चीन संबंधों को मजबूत करने की आवश्यकता
बीजिंग में ट्रंप का दौरा
नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप वर्तमान में चीन के दौरे पर हैं। बीजिंग में आयोजित एक महत्वपूर्ण शिखर सम्मेलन में, चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने दोनों देशों के बीच संबंधों पर एक महत्वपूर्ण टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अमेरिका और चीन का रिश्ता दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण द्विपक्षीय संबंध है, जिसे हर हाल में मजबूत बनाए रखना चाहिए।
सहयोग की आवश्यकता
शी चिनफिंग ने पीपुल्स ग्रेट हॉल में अपने संबोधन में सहयोग और साझेदारी पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच टकराव किसी के लिए भी फायदेमंद नहीं होगा। उनके अनुसार, यदि चीन और अमेरिका एक साथ आगे बढ़ते हैं, तो इससे न केवल दोनों देशों को लाभ होगा, बल्कि वैश्विक स्थिरता और आर्थिक विकास को भी मजबूती मिलेगी।
दुनिया पर प्रभाव
सहयोग से फायदा, टकराव से नुकसान
शी चिनफिंग ने अपने भाषण में कहा कि दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच संबंधों का प्रभाव पूरी दुनिया पर पड़ता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दोनों देशों को प्रतिद्वंद्वी बनने के बजाय साझेदार के रूप में आगे बढ़ना चाहिए।
उन्होंने कहा, “हम दोनों का मानना है कि चीन-अमेरिका संबंध दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण द्विपक्षीय संबंध है। हमें इसे सफल बनाना होगा और इसे कभी खराब नहीं करना चाहिए।” उनके इस बयान को दोनों देशों के बीच संबंध सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
ट्रंप का निमंत्रण
'मेक अमेरिका ग्रेट अगेन' का भी किया जिक्र
चीनी राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में ट्रंप के प्रसिद्ध नारे ‘मेक अमेरिका ग्रेट अगेन’ का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि चीन के राष्ट्रीय कायाकल्प और अमेरिका के विकास के लक्ष्य एक साथ आगे बढ़ सकते हैं। शी चिनफिंग ने यह संकेत देने का प्रयास किया कि दोनों देशों के हित एक-दूसरे के विरोध में नहीं हैं।
ट्रंप ने दिया व्हाइट हाउस आने का न्योता
इस बीच, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस रिश्ते को इतिहास का सबसे प्रभावशाली संबंध बताया। उन्होंने शी चिनफिंग और उनकी पत्नी को 24 सितंबर को व्हाइट हाउस आने का औपचारिक निमंत्रण दिया। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और चीन के बीच बेहतर संबंध वैश्विक राजनीति और व्यापार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
