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डोनाल्ड ट्रंप का अमेरिका-ईरान युद्ध में चौंकाने वाला एग्जिट प्लान

अमेरिका-ईरान युद्ध के 21वें दिन, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक नया एग्जिट प्लान पेश किया है, जिसमें उन्होंने अमेरिका की सैन्य उपलब्धियों का जिक्र किया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपने क्षेत्रीय सहयोगियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है और 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' की सुरक्षा की जिम्मेदारी अन्य देशों को सौंपने की बात की है। जानें इस रणनीति का वैश्विक बाजारों पर क्या असर हो सकता है।
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डोनाल्ड ट्रंप का अमेरिका-ईरान युद्ध में चौंकाने वाला एग्जिट प्लान

ट्रंप का नया सैन्य रणनीति


अमेरिका-ईरान संघर्ष के 21वें दिन, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक अप्रत्याशित 'एग्जिट प्लान' का खुलासा किया है। ट्रंप ने बताया कि अमेरिका अपने सैन्य लक्ष्यों को हासिल करने के 'काफी करीब' है और अब वह मध्य पूर्व में अपने बड़े सैन्य अभियानों को धीरे-धीरे कम करने पर विचार कर रहा है।


ट्रंप के दावे

ट्रंप ने अपनी पोस्ट में उन उपलब्धियों का जिक्र किया जिन्हें वे जीत के रूप में देख रहे हैं। उन्होंने कहा, 'हमने ईरान की मिसाइल क्षमता, रक्षा उद्योग, नौसेना और वायुसेना को पूरी तरह से नष्ट कर दिया है।'


क्षेत्रीय सहयोगियों की सुरक्षा

उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका ने अपने क्षेत्रीय सहयोगियों जैसे इजरायल, सऊदी अरब, कतर, यूएई, बहरीन और कुवैत की सुरक्षा सुनिश्चित की है और आगे भी उनकी रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहेगा।


स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा

ट्रंप का बयान 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' की सुरक्षा पर केंद्रित था। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि जो देश इस समुद्री मार्ग का उपयोग अपने तेल और व्यापार के लिए करते हैं, उन्हें अब सुरक्षा और पुलिसिंग की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अमेरिका जरूरत पड़ने पर मदद कर सकता है, लेकिन यह जिम्मेदारी अन्य देशों को निभानी चाहिए।


अमेरिका की भूमिका पर विचार

ट्रंप ने तर्क किया, 'अमेरिका इस मार्ग का उपयोग नहीं करता है, इसलिए अन्य देशों को आगे आना चाहिए।' उन्होंने इसे उन देशों के लिए एक 'आसान सैन्य अभियान' बताया और कहा कि ईरान के खतरे के समाप्त होने के बाद अमेरिका की मुख्य भूमिका की आवश्यकता नहीं रह जाएगी।


वैश्विक बाजारों पर प्रभाव

यह ध्यान देने योग्य है कि 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' विश्व की ऊर्जा आपूर्ति के लिए एक महत्वपूर्ण मार्ग है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल और गैस की आपूर्ति होती है। हाल के हफ्तों में यहां हमलों और तनाव के कारण वैश्विक बाजारों पर भी असर पड़ा है।