तेहरान में अमेरिका का बड़ा हमला: IRGC के कमांडरों पर निशाना
अमेरिका का नया सैन्य कदम
नई दिल्ली: अमेरिका ने ईरान के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सैन्य कार्रवाई करते हुए तेहरान में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के एक भूमिगत ठिकाने को निशाना बनाया है। रिपोर्टों के अनुसार, यह हमला अत्याधुनिक B-2 बॉम्बर विमानों द्वारा किया गया, जिससे क्षेत्र में व्यापक तबाही की खबरें आई हैं।
बंकर-बस्टर बमों का उपयोग
इस हमले में बंकर-बस्टर बमों का इस्तेमाल किया गया, जो विशेष रूप से मजबूत भूमिगत ठिकानों को नष्ट करने के लिए जाने जाते हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस हमले में IRGC के कई उच्च-ranking कमांडरों के मारे जाने की आशंका है।
डबल स्ट्राइक से बढ़ा नुकसान
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पहले हमले के बाद जब राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचे, तभी एक और हवाई हमला हुआ। इस डबल स्ट्राइक के कारण नुकसान और बढ़ गया है।
इस दौरान बचाव कार्य में लगे कई लोगों के हताहत होने की संभावना भी जताई जा रही है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है।
36 घंटे की उड़ान के बाद हमला
यह ऑपरेशन CENTCOM के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर के आदेश पर किया गया। कई B-2 बॉम्बर विमानों ने व्हाइट मैन एयर फोर्स बेस से उड़ान भरकर लगभग 36 घंटे की लंबी यात्रा के बाद लक्ष्य पर हमला किया।
इन विमानों ने भारी क्षमता वाले बंकर-बस्टर बम गिराए, जिनका उपयोग पहले भी ईरानी परमाणु ठिकानों पर किया जा चुका है। अमेरिकी अधिकारियों का दावा है कि निशाना बनाया गया ठिकाना पूरी तरह से नष्ट हो चुका है।
वरिष्ठ कमांडरों को निशाना बनाना
जानकारी के अनुसार, जिस स्थान पर हमला हुआ, वहां IRGC के कई वरिष्ठ कमांडर मौजूद थे। इस कारण यह माना जा रहा है कि इस हमले में उच्च स्तर के अधिकारियों को गंभीर नुकसान हुआ है।
हालांकि, हताहतों की सही संख्या के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
ट्रंप की चेतावनी के बाद कार्रवाई
यह हमला उस समय हुआ जब डोनाल्ड ट्रंप ने कुछ घंटे पहले ईरान के खिलाफ कड़ा बयान दिया था। प्रेस ब्रीफिंग में उन्होंने ईरान के खिलाफ बड़े हमले की चेतावनी दी थी।
ट्रंप ने कहा था कि यदि बुधवार तक होर्मुज जलडमरूमध्य नहीं खोला गया, तो वह ईरान के ऊर्जा, पानी, गैस और अन्य नागरिक ढांचों को निशाना बनाएंगे।
इसके साथ ही, युद्ध सचिव पीट हेगसेथ ने भी कहा कि ईरान पर हमले जारी रहेंगे और भविष्य में ये और अधिक तीव्र हो सकते हैं।
ईरान में विरोध की तैयारी
ट्रंप की चेतावनी के बाद ईरान में प्रतिक्रिया तेज हो गई है। ईरान के युवा और खेल उप-मंत्री अलीरेजा रहीमी ने देशवासियों से अपील की है कि वे बिजली संयंत्रों के पास मानव श्रृंखला बनाकर विरोध प्रदर्शन करें।
उन्होंने युवाओं, कलाकारों और खिलाड़ियों से इसमें भाग लेने का आग्रह किया है, ताकि अमेरिकी हमलों के खिलाफ एकजुटता दिखाई जा सके।
