पाकिस्तान की यूनिवर्सिटी का अजीब नोटिस: रमजान में कपल्स पर सख्ती!
रमजान के दौरान छात्रों के लिए अनोखा नोटिस
पाकिस्तान की एक विश्वविद्यालय ने रमजान के महीने में छात्रों के लिए एक अनोखा नोटिस जारी किया है, जो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। इस नोटिस में लड़के और लड़कियों को कैंपस में एक साथ खड़े होने से मना किया गया है, और उल्लंघन करने पर तुरंत निकाह कराने की चेतावनी दी गई है। छात्रों ने इस नोटिस पर मजेदार रील बनाकर साझा किया, जिसे देखकर इंटरनेट पर हंसी-मजाक का माहौल बन गया। यह रील कुछ ही दिनों में 40 लाख से अधिक बार देखी गई, और लोगों ने इसे 'वॉर्निंग' कम और 'अवसर' ज्यादा बताते हुए मजेदार टिप्पणियाँ की। हालांकि, जांच में यह स्पष्ट हुआ कि यह नोटिस फर्जी था और न तो हमदर्द यूनिवर्सिटी के आधिकारिक लेटरहेड पर था, न ही उनकी वेबसाइट या सोशल मीडिया पर इसका कोई प्रमाण मिला।
रमजान में कपल्स पर सख्ती का नोटिस
रील की शुरुआत एक कैप्शन से हुई: "हमारा विश्वविद्यालय इतना हलाल है कि हमें यह सूचना मिली है।" इसके बाद स्क्रीन पर हमदर्द यूनिवर्सिटी का कथित नोटिस दिखाया गया। नोटिस में लिखा था: "प्रिय विद्यार्थियों, आपको सूचित किया जाता है कि रमज़ान के पवित्र महीने के दौरान, जोड़ों में (लड़का और लड़की) एक साथ खड़े होना सख्त वर्जित है।
नोटिस में आगे कहा गया है: "यदि कोई जोड़ा एक साथ खड़ा पाया जाता है, तो उनका निकाह तुरंत आयोजित किया जाएगा। छात्रों को विश्वविद्यालय की पवित्रता का सम्मान करने और अनावश्यक निकटता से बचने की सलाह दी जाती है। उल्लंघन की स्थिति में, जोड़े को अपने वलीमा की व्यवस्था स्वयं करनी होगी।"
इंटरनेट पर हंसी-मजाक का माहौल
रील के वायरल होने के बाद यूजर्स ने मजेदार प्रतिक्रियाएँ दीं। एक यूजर ने लिखा: "जी हां, आपको इस अवसर के बारे में चेतावनी दे रहा हूं?" दूसरे ने जोड़ा: "मानो मेरी बात, अम्मी, मैं बस वहीं खड़ी थी, और उन्होंने हमें निकाह में दाखिल करा दिया।"
क्या नोटिस असली था या फर्जी?
सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने पूछा कि क्या यह नोटिस असली है या AI द्वारा बनाया गया। हालांकि, हमदर्द यूनिवर्सिटी की आधिकारिक वेबसाइट और सोशल मीडिया पेज पर ऐसा कोई नोटिस नहीं मिला। पहले भी इसी तरह का नोटिस इस्लामाबाद की बहरीया यूनिवर्सिटी के नाम से वायरल हुआ था, लेकिन बाद में पता चला कि वह भी फर्जी था और किसी यूनिवर्सिटी के आधिकारिक लेटरहेड पर जारी नहीं किया गया था।
