पाकिस्तान के बयान से बढ़ी तनाव की आशंका, अमेरिका की नजरें भी हैं टिकी
पाकिस्तान के हालिया बयान और वैश्विक सुरक्षा पर प्रभाव
पाकिस्तान द्वारा दिए गए हालिया बयानों ने भारत और अमेरिका दोनों के लिए चिंता का विषय बना दिया है। विभिन्न देशों के बीच चल रहे संघर्षों के बीच, पाकिस्तान का यह बयान संकेत देता है कि एक बड़ा युद्ध फिर से संभव है। अब्दुल बासिद का बयान खासतौर पर चर्चा में रहा, जिसमें उन्होंने कहा कि अगर अमेरिका हमारे रडार पर नहीं आ सका, तो हमारे पास मुंबई और दिल्ली हैं। इस बीच, भारत में तैयारियों का दौर जारी है। प्रधानमंत्री मोदी मुख्यमंत्री के साथ बैठकें कर रहे हैं, जबकि अजीत डोभाल अलग से मीटिंग्स कर रहे हैं। सेना प्रमुख भी विभिन्न मंदिरों के दर्शन कर रहे हैं। इन सबके बीच, पाकिस्तान की ओर से एक और बयान आया है, जिसमें कहा गया है कि यदि हम किसी युद्ध में शामिल होते हैं, तो हम आधी दुनिया को साथ लेकर डूबेंगे। यह बयान पाकिस्तान में मौजूद कट्टरपंथियों और आईएसआई के प्रभाव को दर्शाता है।
ईरान के साथ पाकिस्तान का संबंध और अमेरिका की चिंता
एक मौलाना ने यह भी कहा है कि उनके लड़ाके ईरान की ओर से लड़ने के लिए तैयार हैं। हालांकि, यह बयान महत्वपूर्ण नहीं है, लेकिन पाकिस्तानी सेना और आईएसआई के प्रमुख की उपस्थिति इस बैठक में महत्वपूर्ण है। अमेरिका ने हाल ही में एक वैश्विक आतंक सूची जारी की है, जिसमें पाकिस्तान को आतंक फैलाने में नंबर एक बताया गया है। आमतौर पर, अमेरिका अपने सहयोगियों के बारे में ऐसा नहीं लिखता, लेकिन इस बार स्पष्ट रूप से कहा गया है कि पाकिस्तान भारत को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहा है।
डोनाल्ड ट्रंप का पाकिस्तान पर बयान
डोनाल्ड ट्रंप ने एक पत्रकार के सवाल पर पाकिस्तान को लेकर मजाक किया, जिसमें उन्होंने कहा कि उन्हें 'लूजर्स' के साथ रहना पसंद है। यह बयान पाकिस्तान को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने जैसा है। अमेरिका की राष्ट्रीय खुफिया प्रमुख तुलसी गबर्ड ने कहा है कि पाकिस्तान ऐसी बैलिस्टिक मिसाइल बनाने की कोशिश कर रहा है जो अमेरिका तक पहुंच सके। अमेरिका इसे रोकने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके अलावा, अमेरिका ने पहले ही पाकिस्तान की तीन कंपनियों पर प्रतिबंध लगा दिया है।
पाकिस्तान की चिंता और भविष्य की संभावनाएं
पाकिस्तानी नागरिकों को अब यह महसूस हो रहा है कि वे अमेरिका के अगले लक्ष्य बन सकते हैं। इस स्थिति में, धमकी भरे स्वर सुनाई दे रहे हैं, जिसमें अब्दुल बासिद और मौलाना दोनों शामिल हैं। बैठक में आईएसआई के प्रमुख और पाकिस्तानी सेना के अधिकारी भी मौजूद थे। मौलाना ने कहा कि हम तो डूबेंगे, लेकिन आधी दुनिया को साथ लेकर डूबेंगे।
