पाकिस्तान के सीनेटर का भारत के खिलाफ विवादित बयान: न्यूयॉर्क में दी खुली धमकी
पाकिस्तान की भारत विरोधी बयानबाजी का नया अध्याय
नई दिल्ली: पाकिस्तान की राजनीति में भारत के प्रति नकारात्मक बयान देना कोई नई बात नहीं है, लेकिन हाल ही में यह मानसिकता अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खुलकर प्रकट हुई है। पाकिस्तान पीपल्स पार्टी के सीनेटर राणा महमूद-उल-हसन ने न्यूयॉर्क में एक कार्यक्रम के दौरान भारत के खिलाफ भड़काऊ और विवादास्पद टिप्पणियां कीं। 'मारका-ए-हक' नामक इस कार्यक्रम में उन्होंने लगभग एक घंटे तक भाषण दिया, जिसमें भारत के प्रति तीखे शब्दों का प्रयोग किया गया। उन्होंने अपने संबोधन में परमाणु युद्ध, कश्मीर और भारत के खिलाफ संघर्ष जैसे मुद्दों पर चर्चा की, जिससे यह मामला चर्चा का विषय बन गया है।
भारत को दी गई खुली धमकी
न्यूयॉर्क में उपस्थित पाकिस्तानी प्रवासियों और पीपीपी समर्थकों के सामने राणा महमूद-उल-हसन ने भारत के खिलाफ आक्रामक बयान दिए। उन्होंने मंच से कहा, "न समझोगे तो मिट जाओगे हिंदुस्तान वालों। तुम्हारी दास्तां तक न होगी दास्तानों में।" उनके इस बयान के बाद कार्यक्रम में हलचल मच गई।
आबादी पर की गई टिप्पणी
अपने भाषण में सीनेटर ने पाकिस्तान की बढ़ती जनसंख्या का उल्लेख करते हुए कहा कि पाकिस्तान दुनिया का पांचवां सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश है। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान की जनसंख्या तेजी से बढ़ रही है और भविष्य में यह अमेरिका को भी पीछे छोड़ सकता है।
भारत के खिलाफ जीत का दावा
राणा महमूद-उल-हसन ने अपने संबोधन में भारत के खिलाफ पाकिस्तान की कथित सैन्य और कूटनीतिक सफलताओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा, "पाकिस्तान ने उन्हें शिकस्त दी है। उनका गर्व खाक में मिला दिया गया है।" इस बयान के माध्यम से उन्होंने पाकिस्तान की कथित जीत का जश्न मनाने का प्रयास किया।
कश्मीर मुद्दे पर पुराना रुख
सीनेटर ने कश्मीर मुद्दे को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा, "कश्मीर का मसला जब तक हल नहीं होगा, हम हर मोर्चे पर लड़ेंगे।" उन्होंने भारत के साथ सैन्य और कूटनीतिक टकराव जारी रखने की बात कही।
भारत को दुश्मन पड़ोसी बताया
भाषण के दौरान राणा महमूद-उल-हसन ने भारत को दुश्मन पड़ोसी बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि भारत पाकिस्तान के भीतर बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी और तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान का समर्थन कर रहा है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान की एजेंसियां भारत की हर गतिविधि पर नजर रख रही हैं।
चरमपंथी सोच को बढ़ावा देने वाला बयान
अपने भाषण में सीनेटर ने कहा, "जब कुछ न बन सका तो डुबो देंगे नाव। हम लड़ेंगे आखिरी दम तक अपने मुल्क की रक्षा के लिए।" उनके इस बयान ने सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में भी चर्चा को जन्म दिया है।
