Newzfatafatlogo

पाकिस्तान में ऊर्जा संकट के चलते बाजारों के समय में बदलाव: जानें क्या हैं नए नियम

पाकिस्तान सरकार ने ईरान-इजरायल युद्ध के चलते ऊर्जा संकट के कारण देशभर में बाजारों के समय में बदलाव करने का निर्णय लिया है। नए नियम 7 अप्रैल 2026 से लागू होंगे, जिसमें बाजार और शॉपिंग मॉल रात 8 बजे तक बंद होंगे। शादी समारोहों पर भी रात 10 बजे के बाद पाबंदी लगाई गई है। यह निर्णय आम जनता और व्यापारियों के लिए कठिनाई पैदा कर सकता है, लेकिन सरकार इसे अस्थायी उपाय मानती है। जानें इस नए नियम के पीछे की वजह और इसके संभावित प्रभाव।
 | 
पाकिस्तान में ऊर्जा संकट के चलते बाजारों के समय में बदलाव: जानें क्या हैं नए नियम

पाकिस्तान सरकार का सख्त कदम


नई दिल्ली: पाकिस्तान की सरकार ने ईरान-इजरायल संघर्ष के चलते उत्पन्न ऊर्जा संकट के मद्देनजर देशभर में सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह महत्वपूर्ण घोषणा की गई कि अब बाजार और शॉपिंग मॉल जल्दी बंद होंगे।


नए नियम कब से लागू होंगे?

ये नए नियम आज रात, यानी 7 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगे। सिंध प्रांत को छोड़कर पूरे पाकिस्तान में बाजार और शॉपिंग मॉल रात 8 बजे तक बंद करने होंगे। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, पंजाब, बलूचिस्तान, खैबर पख्तूनख्वा (KP) के अधिकांश क्षेत्रों, इस्लामाबाद और गिलगित-बाल्टिस्तान में बाजार रात 8 बजे बंद हो जाएंगे।



  • खैबर पख्तूनख्वा के डिविजनल मुख्यालयों में बाजार रात 9 बजे तक खुले रह सकेंगे।

  • बेकरी, रेस्टोरेंट, तंदूर और खाने-पीने की दुकानें रात 10 बजे तक खुली रह सकेंगी।

  • शादी समारोहों के लिए इस्तेमाल होने वाले मैरिज हॉल और मार्की भी रात 10 बजे तक बंद करने होंगे।


शादी समारोहों पर पाबंदी

सरकार ने स्पष्ट किया है कि निजी घरों या अन्य स्थानों पर भी रात 10 बजे के बाद शादी के कार्यक्रम आयोजित नहीं किए जा सकेंगे, हालांकि मेडिकल स्टोर और दवा की दुकानों को इस समय सीमा से छूट दी गई है।




ईरान युद्ध का प्रभाव

पाकिस्तान में बिजली और ऊर्जा की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। ईरान में चल रहे युद्ध के कारण ऊर्जा आपूर्ति पर असर पड़ा है, जिसके चलते सरकार को यह कठोर निर्णय लेना पड़ा। बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा की सरकारों ने भी अपने क्षेत्रों में इसी तरह के व्यावसायिक समय की घोषणा की है।


लोगों पर प्रभाव

यह निर्णय आम जनता, व्यापारियों और शादी करने वालों के लिए कठिनाई पैदा कर सकता है। सरकार का कहना है कि यह एक अस्थायी उपाय है और ऊर्जा की बचत के लिए आवश्यक है। शहबाज शरीफ की सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस निर्णय का पालन करें और ऊर्जा बचाने में सहयोग करें।