गुरु पूर्णिमा 2023: जानें आपके मूलांक के अनुसार गुरु का संदेश
गुरु पूर्णिमा का महत्व
नई दिल्ली: गुरु पूर्णिमा का पर्व गुरु के प्रति श्रद्धा और उनके ज्ञान के प्रति आभार व्यक्त करने का अवसर है। इस वर्ष यह पर्व 29 जुलाई को मनाया जाएगा। इस विशेष दिन पर, यदि आप अपनी जन्मतिथि के अनुसार किसी आध्यात्मिक गुरु की शिक्षाओं को अपनाते हैं, तो यह आपके जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकता है। अंक ज्योतिष के अनुसार, प्रत्येक जन्म संख्या का एक विशेष ग्रह होता है और उससे जुड़ा एक प्रेरणादायक संदेश भी। आइए जानते हैं कि आपके मूलांक के अनुसार गुरु क्या संदेश देते हैं।
मूलांक 1 का संदेश
मूलांक 1
यदि आपकी जन्म संख्या 1, 10, 19 या 28 है, तो सद्गुरु का संदेश है कि सच्ची शांति अपने भीतर की खोज में है। आत्म-चिंतन और खुद को समझने की आदत डालें।
मूलांक 2 का संदेश
मूलांक 2
जिनकी जन्म संख्या 2, 11, 20 या 29 है, वे श्री रविशंकर की इस सीख को अपनाएं कि मुस्कान केवल चेहरे पर नहीं, बल्कि दिल से होनी चाहिए। जब मन खुश होता है, तब उसकी चमक चेहरे पर भी नजर आती है।
मूलांक 3 का संदेश
मूलांक 3
यदि आपकी जन्म संख्या 3, 12, 21 या 30 है, तो गुरु नानक देव जी की सीख याद रखें। हमेशा ऐसे शब्दों का प्रयोग करें जो सम्मान, प्रेम और सकारात्मकता को बढ़ावा दें, क्योंकि शब्दों का प्रभाव दीर्घकालिक होता है।
मूलांक 4 का संदेश
मूलांक 4
जिनकी जन्म संख्या 4, 13, 22 या 31 है, उनके लिए प्रेमानंद जी महाराज का संदेश है कि क्रोध अच्छे गुणों को नष्ट कर सकता है। इसलिए गुस्से पर नियंत्रण रखना आवश्यक है।
मूलांक 5 का संदेश
मूलांक 5
जन्म संख्या 5, 14 या 23 वाले लोगों के लिए आनंदमयी मां का संदेश है कि दुनिया वैसी ही दिखती है, जैसा हमारा दृष्टिकोण होता है। सकारात्मक सोच से जीवन में सुधार होता है।
मूलांक 6 का संदेश
मूलांक 6
जिनकी जन्म संख्या 6, 15 या 24 है, उनके लिए माता अमृतानंदमयी (अम्मा) का संदेश है कि प्रेम ही सबसे बड़ी ताकत है। बिना स्वार्थ के दूसरों से प्रेम करना जीवन को सार्थक बनाता है।
मूलांक 7 का संदेश
मूलांक 7
यदि आपकी जन्म संख्या 7, 16 या 25 है, तो ओशो की यह बात याद रखें कि जीवन कोई पहेली नहीं है, बल्कि एक अनुभव है जिसे खुलकर जीना चाहिए।
मूलांक 8 का संदेश
मूलांक 8
जिनकी जन्म संख्या 8, 17 या 26 है, वे स्वामी विवेकानंद के इस संदेश से प्रेरित हो सकते हैं कि अपने लक्ष्यों तक पहुंचने में कभी हार नहीं माननी चाहिए। निरंतर प्रयास ही सफलता की कुंजी है।
मूलांक 9 का संदेश
मूलांक 9
वहीं, 9, 18 या 27 जन्म संख्या वालों के लिए नीम करोली बाबा की सीख है कि सभी से प्रेम करें, निस्वार्थ भाव से सेवा करें और हमेशा ईश्वर का स्मरण करें। यही जीवन में सच्ची खुशी और संतुलन का मार्ग है।
