ईरान का होर्मुज की खाड़ी को बंद करने का ऐलान, ट्रंप का दावा रिकॉर्ड तेल आवाजाही का
ईरान का खाड़ी बंद करने का निर्णय
नई दिल्ली। इजराइल द्वारा लेबनान पर किए गए हमले और 32 लोगों की मौत के बाद, ईरान ने होर्मुज की खाड़ी को फिर से बंद करने की घोषणा की। इस बीच, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि सोमवार को होर्मुज से 1.9 करोड़ बैरल तेल का आवागमन हुआ, जो एक नया रिकॉर्ड है। ट्रंप ने ईरान पर झूठी जानकारी फैलाने का आरोप लगाया और कहा कि ईरान ने लंबे समय तक परमाणु परीक्षण के लिए सहमति दी है।
ट्रंप का तेल की कीमतों पर बयान
कच्चे तेल की रिकॉर्ड आवाजाही के संदर्भ में, ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा, 'तेल की कीमतें तेजी से गिर रही हैं और दुनिया अब कहीं अधिक सुरक्षित हो गई है।' हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो पाई है। ट्रंप के बयान के साथ ही यह जानकारी भी आई है कि भारत के 11 जहाज होर्मुज की खाड़ी से गुजर चुके हैं, जबकि 10 जहाजों को अभी इंतजार करना पड़ रहा है।
युद्ध की स्थिति और टोल टैक्स
ट्रंप ने यह भी कहा कि यदि ईरान के साथ संघर्ष जारी रहा, तो दुनिया को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा, यह भी खबर है कि होर्मुज की खाड़ी से गुजरने वाले जहाजों पर टोल टैक्स लगाया जाएगा। ओमान और ईरान ने मिलकर यह तय करने का निर्णय लिया है कि भविष्य में होर्मुज में जहाजों की आवाजाही कैसे संचालित होगी।
सेवाओं पर कर लगाने पर चर्चा
ईरान और ओमान यह भी विचार करेंगे कि क्या जहाजों को दी जाने वाली सेवाओं पर कोई कर लगाया जाए, और यदि हां, तो उसकी दर क्या होगी। दोनों देशों ने कहा है कि होर्मुज से संबंधित अपने समुद्री क्षेत्रों पर उनका अधिकार है। यह निर्णय मस्कट में हुई बैठक के बाद लिया गया, जिसमें ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची और ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक शामिल थे।
