हिमाचल प्रदेश के CBSE स्कूलों में नई यूनिफॉर्म और टीचर्स का ड्रेस कोड
नई यूनिफॉर्म का रंग और उद्देश्य
नई दिल्ली. हिमाचल प्रदेश में CBSE स्कूलों के छात्रों के लिए नई यूनिफॉर्म का रंग जल्द ही बदलने वाला है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग की बैठक में यह निर्णय लिया गया। इस बैठक में विद्यार्थियों की यूनिफॉर्म, शिक्षकों के ड्रेस कोड और स्कूल भवन के रंग पर चर्चा की गई। सरकार का उद्देश्य स्कूलों को व्यवस्थित और पेशेवर रूप देना है।
मुख्यमंत्री ने बैठक में बताया कि CBSE स्कूलों के छात्रों की यूनिफॉर्म हरे रंग की होगी, जबकि स्कूल भवन का रंग ऑलिव ग्रीन और सैंड बेज रखा जाएगा। इस बदलाव का मुख्य कारण यह है कि इससे सरकारी CBSE स्कूलों की पहचान दूर से ही हो सकेगी।
टीचर्स के लिए ड्रेस कोड
मुख्यमंत्री सुक्खू की बैठक में केवल छात्रों की यूनिफॉर्म पर ही चर्चा नहीं हुई, बल्कि शिक्षकों के ड्रेस कोड पर भी निर्णय लिया गया। महिला शिक्षिकाओं के लिए लाइलैक और पुरुष शिक्षकों के लिए हल्का नीला रंग निर्धारित किया गया है।
इस ड्रेस कोड में शिक्षकों के लिए औपचारिकता और पेशेवरता पर जोर दिया गया है। महिला टीचर्स को हल्के लाइलैक रंग की पोशाक में स्कूल आना होगा, जबकि पुरुष टीचर्स हल्के नीले रंग की पैंट और शर्ट पहनेंगे। इसके अलावा, शिक्षकों के लिए पहचान पत्र पहनना अनिवार्य होगा।
ड्रेस कोड का कार्यान्वयन
हिमाचल सरकार के इस निर्णय के बाद, माता-पिता के मन में यह सवाल उठ रहा है कि ड्रेस कोड कब से लागू होगा। 10 सितंबर को इस पर निर्णय लिया गया था और इसे 1 अक्टूबर से लागू किया जाएगा। इसका मतलब है कि माता-पिता को अपने बच्चों के लिए ड्रेस खरीदने या सिलवाने के लिए 20 दिन से अधिक का समय मिलेगा।
