Newzfatafatlogo

ओएनजीसी के नए चेयरमैन बने सुनील कुमार, पहली बार कार्यकारी निदेशक से सीधे शीर्ष पद पर पहुंचे

सरकार ने सुनील कुमार को ओएनजीसी का नया चेयरमैन नियुक्त किया है, जो पहली बार कार्यकारी निदेशक के पद से सीधे इस शीर्ष पद पर पहुंचे हैं। उनकी नियुक्ति एक विस्तृत चयन प्रक्रिया के बाद हुई है, जिसमें प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली मंत्रिमंडल की समिति ने मंजूरी दी। कुमार का कार्यकाल 2028 तक रहेगा, और वे घरेलू तेल एवं गैस उत्पादन को बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। जानें उनके करियर और इस नियुक्ति के पीछे की कहानी।
 | 

सुनील कुमार की नियुक्ति

सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र की ऑयल एंड नैचुरल गैस कॉरपोरेशन (ओएनजीसी) के कार्यकारी निदेशक सुनील कुमार को कंपनी का नया चेयरमैन नियुक्त किया है। यह नियुक्ति उन्हें कार्यकारी निदेशक के पद से सीधे शीर्ष पद पर पहुंचाने वाली पहली घटना है। कुमार, अरुण कुमार सिंह का स्थान लेंगे, जिनका कार्यकाल छह दिसंबर को समाप्त हो रहा है।


चयन प्रक्रिया

कुमार की नियुक्ति एक विस्तृत चयन प्रक्रिया के बाद हुई, जिसमें खोज-सह-चयन समिति ने दो दौर के साक्षात्कार के बाद उनके नाम की सिफारिश की। इसके बाद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दी।


कार्यकाल और जिम्मेदारियां

58 वर्षीय कुमार, जो वर्तमान में ओएनजीसी की मेहसाणा परिसंपत्ति के कार्यकारी निदेशक हैं, को कंपनी का चेयरमैन नियुक्त किया गया है। वह 7 दिसंबर, 2026 या उसके बाद कार्यभार संभालने की तारीख से 31 दिसंबर, 2028 तक इस पद पर रहेंगे। इसके बाद उन्हें संविदा के आधार पर नियुक्त किया जाएगा।


पद की विशेषताएँ

कुमार की पदोन्नति ओएनजीसी में शीर्ष पद पर नियुक्ति की पारंपरिक प्रक्रिया से भिन्न है। आमतौर पर, चेयरमैन पद तक पहुंचने के लिए निदेशक मंडल के स्तर पर अनुभव आवश्यक होता है। यह ओएनजीसी में पहली बार है जब किसी कार्यकारी निदेशक को सीधे शीर्ष पद पर नियुक्त किया गया है।


सरकारी प्रयास

कुमार की नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब सरकार घरेलू तेल और गैस उत्पादन को बढ़ाने और आयात पर निर्भरता कम करने की दिशा में काम कर रही है। वह देश की सबसे बड़ी तेल और गैस उत्पादक कंपनी की जिम्मेदारी संभालेंगे।


कुमार का करियर

कुमार ने 8 जनवरी, 2025 को ओएनजीसी की मेहसाणा परिसंपत्ति के कार्यकारी निदेशक और परिसंपत्ति प्रबंधक के रूप में कार्यभार संभाला। उन्होंने धनबाद स्थित इंडियन स्कूल ऑफ माइंस से पेट्रोलियम इंजीनियरिंग में स्नातक की डिग्री प्राप्त की है। उनके पास विपणन और वित्त में विशेषज्ञता के साथ व्यापार प्रबंधन में स्नातकोत्तर डिग्री भी है।


आवेदन प्रक्रिया

इस पद के लिए ओएनजीसी और अन्य सार्वजनिक क्षेत्र की ऊर्जा कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने आवेदन किया था। प्रारंभ में, 19 उम्मीदवारों ने आवेदन किया, जिनमें से कुमार को चुना गया।


पूर्व चेयरमैन का कार्यकाल

चौसठ वर्षीय अरुण कुमार सिंह ने भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लि. के चेयरमैन पद से सेवानिवृत्त होने के बाद 7 दिसंबर, 2022 को ओएनजीसी के चेयरमैन का कार्यभार संभाला था। सरकार ने उनके कार्यकाल को दिसंबर, 2025 में एक साल के लिए बढ़ा दिया था।