केंद्र सरकार ने राइड-हेलिंग प्लेटफॉर्म पर टिप मांगने पर लगाई रोक
सरकार का नया नियम
केंद्र सरकार ने राइड-हेलिंग सेवाओं द्वारा यात्रा के दौरान टिप मांगने पर प्रतिबंध लगा दिया है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यह प्रथा नियमों के खिलाफ है। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्रालय ने एक अधिसूचना जारी करते हुए कहा कि टिप देना पूरी तरह से स्वैच्छिक होना चाहिए और इसे यात्रा समाप्त होने के बाद ही दिया जाना चाहिए।
मोटर वाहन नियमों का उल्लंघन
अधिसूचना में कहा गया है कि कुछ राइड एग्रीगेटर ऐप्स पर 'Advance Tip' और 'Choose an Add-on' जैसे विकल्प दिखाई दे रहे थे। कुछ स्थानों पर यह भी बताया जा रहा था कि टिप देने से ड्राइवर के राइड स्वीकार करने की संभावना बढ़ सकती है। मंत्रालय ने कहा कि ये फीचर्स मोटर वाहन एग्रीगेटर दिशानिर्देशों के अनुरूप नहीं हैं। इसलिए सभी एग्रीगेटर्स को अपने ऐप और डिजिटल प्लेटफॉर्म की समीक्षा कर आवश्यक बदलाव करने के लिए कहा गया है।
लुभाने वाले ऑप्शन नियमों के खिलाफ
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि ऐप पर ऐसा कोई संदेश या विकल्प नहीं होना चाहिए जिससे यात्रियों को लगे कि टिप देने से कैब जल्दी कन्फर्म होगी या ड्राइवर जल्दी राइड स्वीकार करेगा। टिप को राइड कन्फर्मेशन, ड्राइवर अलॉटमेंट, वेटिंग टाइम या सर्विस क्वालिटी से जोड़ना नियमों के खिलाफ है।
पूरी रकम ड्राइवर को मिलनी चाहिए
सरकार के निर्देश में यह भी कहा गया है कि यदि यात्री यात्रा के बाद टिप देता है, तो पूरी राशि ड्राइवर को मिलनी चाहिए। एग्रीगेटर इस राशि में कोई कटौती नहीं कर सकता। इसके अलावा, ऐप पर ऐसा कोई टिपिंग फीचर नहीं होना चाहिए जो भ्रामक या उपभोक्ता संरक्षण कानून के खिलाफ हो।
