बिहार में रोजगार सृजन के लिए उद्योगों का विकास: मुख्यमंत्री चौधरी का लक्ष्य
बिहार में रोजगार के अवसर बढ़ाने की योजना
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बृहस्पतिवार को बताया कि राज्य सरकार का उद्देश्य 2030 से पहले बिहार से बाहर काम करने वाले लोगों को राज्य में ही रोजगार प्रदान करना है। इसके लिए राज्य में उद्योगों का एक व्यापक नेटवर्क स्थापित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उद्योगों की स्थापना, निवेश को बढ़ावा देना, रोजगार सृजन और आधारभूत संरचना का विकास बिहार की अर्थव्यवस्था को नई ताकत देगा।
महवल औद्योगिक क्षेत्र का उद्घाटन
मुख्यमंत्री ने मुजफ्फरपुर जिले के महवल औद्योगिक क्षेत्र में 140.95 करोड़ रुपये की लागत से बने मेगा लेदर, फुटवियर एवं एक्सेसरीज क्लस्टर और साझा सुविधा केंद्र का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उद्योग विभाग और फुटवियर डिजाइन एंड डेवलपमेंट इंस्टिट्यूट (एफडीडीआई) के बीच एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। चौधरी ने कहा कि बिहार के लोगों में प्रतिभा और कार्य करने की क्षमता है।
बिहार में रोजगार के अवसरों की आवश्यकता
उन्होंने बताया कि लगभग 12 लाख लोग अभी भी बिहार से बाहर मजदूरी करने जाते हैं। सरकार का प्रयास है कि 2030 तक उन्हें अपने राज्य में ही रोजगार मिल सके।
विकसित भारत का सपना
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए बिहार का आर्थिक रूप से मजबूत होना आवश्यक है।
डेटा सेंटर का विकास
मुख्यमंत्री ने 2030 से पहले राज्य में 1,000 मेगावाट क्षमता का डेटा सेंटर विकसित करने का लक्ष्य दोहराया। हाल ही में पटना में कंट्रोल एस (सीटीआरएलएस) द्वारा 12 मेगावाट क्षमता वाले डेटा सेंटर का उद्घाटन किया गया है। इस क्षेत्र के विकास से बड़े पैमाने पर निवेश और राजस्व प्राप्ति की संभावनाएं हैं।
निवेश के लिए उद्योगपतियों से अपील
उन्होंने उद्योगपतियों से बिहार में निवेश के प्रस्ताव देने की अपील की और कहा कि सरकार प्रस्तावों की समीक्षा करेगी और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित क्षेत्र के लिए 30 दिन के भीतर नीति बनाने की दिशा में काम करेगी।
मुजफ्फरपुर में भूमि उपलब्धता
मुख्यमंत्री ने मुजफ्फरपुर को निवेश के लिए एक तेजी से उभरते क्षेत्र के रूप में बताया और जिला प्रशासन को उद्योगों के लिए पर्याप्त भूमि उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि स्वेच्छा से भूमि देने वालों को निर्धारित राशि से 10 प्रतिशत अधिक भुगतान करने की नीति बनाई गई है।
वास्तुकला विश्वविद्यालय की घोषणा
मुख्यमंत्री ने मुजफ्फरपुर में शहीद जुब्बा सहनी के नाम पर एक वास्तुकला विश्वविद्यालय खोलने की भी घोषणा की, जिससे युवाओं को तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।
