भारत टैक्सी: कैब सेवा में चुनौतियों का सामना कर रही नई सहकारी पहल
भारत के कैब बाजार में प्रतिस्पर्धा
ओला, उबर और रैपिडो भारत के कैब सेवा क्षेत्र में प्रमुखता से कार्यरत हैं। अधिकांश लोग इन ऐप्स का उपयोग बाइक या कार बुक करने के लिए करते हैं। इन तीनों कंपनियों का स्वामित्व निजी हाथों में है। इसी बीच, सरकार ने निजी कंपनियों के बढ़ते प्रभाव को नियंत्रित करने के लिए 'भारत टैक्सी' नामक एक सहकारी प्लेटफॉर्म की शुरुआत की। यह प्रोजेक्ट 5 फरवरी से शुरू हुआ और अब अपने पहले महीने में प्रवेश कर चुका है.
भारत टैक्सी की शुरुआत का उद्देश्य
केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने 5 फरवरी 2025 को भारत टैक्सी का औपचारिक उद्घाटन किया। यह भारत की पहली सहकारी राइड सेवा है, जो उबर और ओला जैसी कंपनियों की तुलना में ड्राइवरों और ग्राहकों के लिए अधिक किफायती है। गृह मंत्री का कहना है कि निजी कंपनियां ड्राइवरों से भारी कमीशन वसूलती हैं और भुगतान में देरी करती हैं। भारत टैक्सी जीरो कमीशन मॉडल पर कार्यरत है, जिसमें ड्राइवर पूरा किराया रखते हैं और प्लेटफॉर्म के मालिक भी बन सकते हैं।
लॉन्च के बाद की स्थिति
भारत टैक्सी पर अब तक 7 लाख ड्राइवर रजिस्टर्ड हो चुके हैं, लेकिन राइड बुकिंग की संख्या कम हो रही है। यह ऐप फिलहाल दिल्ली, एनसीआर और गुजरात में ही चर्चा में है, और उम्मीद है कि मुंबई, पुणे, लखनऊ और कोलकाता जैसे शहरों में भी जल्द ही शुरू होगा.
ड्राइवरों की राय
ड्राइवर भीकम कुमार का कहना है कि ओला, रैपिडो और उबर पर राइड मिल जाती है, लेकिन भारत टैक्सी पर बहुत कम लोग आते हैं। रवि कुमार, जो स्विफ्ट डिजायर कार चलाते हैं, ने भी इसी तरह की समस्याओं का जिक्र किया। उनका कहना है कि भारत टैक्सी पर बुकिंग की संख्या कम है और प्रति किलोमीटर कमाई भी थोड़ी कम है.
यात्रियों की समस्याएं
यात्री दिनेश कश्यप ने बताया कि वह भारत टैक्सी बुक करते हैं, लेकिन ड्राइवर राइड स्वीकार नहीं करते। इसी तरह, सुमित कुमार ने भी कई बार राइड बुक करने के बावजूद ड्राइवर नहीं मिलने की शिकायत की.
सरकार की योजना
सरकार भारत टैक्सी का विस्तार पूरे देश में करना चाहती है और इसे सहकारिता आंदोलन का हिस्सा मानती है। हालांकि, इसकी शुरुआत के समय जो उम्मीदें थीं, वे अब तक पूरी होती नहीं दिख रही हैं.
भारत टैक्सी की चुनौतियाँ
भारत टैक्सी ऐप को लेकर उपयोगकर्ताओं में नाराजगी है। कई यूजर्स ने ऐप के बारे में नकारात्मक समीक्षाएँ दी हैं। कुछ ने कहा कि ऐप में लोकेशन बदलने की सुविधा नहीं है।
ड्राइवरों की अनुपस्थिति
कई उपयोगकर्ताओं ने बताया कि ड्राइवर राइड स्वीकार करते हैं, लेकिन समय पर नहीं आते और फिर राइड कैंसल कर देते हैं। इससे पैसेंजर को चार्ज कट जाता है, लेकिन ड्राइवर पर कोई कार्रवाई नहीं होती.
फेयर में असंगति
कुछ उपयोगकर्ताओं ने फेयर को लेकर भी शिकायत की है। बुकिंग के समय एक रेट दिखता है, लेकिन यात्रा समाप्त होने पर अधिक पैसे वसूले जाते हैं.
कस्टमर सपोर्ट की स्थिति
कस्टमर सपोर्ट की स्थिति भी खराब बताई जा रही है। शिकायत करने पर कई दिनों तक कोई जवाब नहीं मिलता।
ग्राहकों को लाभ नहीं
कुछ लोगों ने कहा है कि जीरो कमीशन का लाभ ग्राहकों को नहीं मिल रहा है।
