भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में अगस्त में 52.9% की वृद्धि
इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में उल्लेखनीय वृद्धि
नई दिल्ली, 8 सितंबर: देश में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की खुदरा बिक्री अगस्त में सालाना आधार पर 52.9 प्रतिशत बढ़कर 2,98,448 इकाई तक पहुँच गई। यह जानकारी फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस (फाडा) द्वारा मंगलवार को साझा की गई। इस वृद्धि के साथ, कुल वाहन बिक्री में इलेक्ट्रिक वाहनों की हिस्सेदारी 12.3 प्रतिशत हो गई, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि में 9.5 प्रतिशत थी।
फाडा के अनुसार, पिछले महीने ईवी बिक्री में सबसे बड़ा योगदान दोपहिया वाहनों का रहा। अगस्त में इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की बिक्री 67.05 प्रतिशत बढ़कर 1,83,204 इकाई हो गई, जबकि पिछले साल इसी महीने में यह आंकड़ा 1,09,673 इकाई था। इलेक्ट्रिक यात्री वाहनों (पीवी) की बिक्री भी अगस्त 2026 में बढ़कर 30,696 इकाई हो गई, जो अगस्त 2025 में 20,210 इकाई थी।
इलेक्ट्रिक तिपहिया वाहनों की बिक्री अगस्त में 25.28 प्रतिशत बढ़कर 79,846 इकाई हो गई, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 63,736 इकाई थी। फाडा के आंकड़ों के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाणिज्यिक वाहनों (सीवी) की खुदरा बिक्री अगस्त में लगभग तीन गुना होकर 4,702 इकाई हो गई, जबकि अगस्त 2025 में इनकी बिक्री 1,631 इकाई थी।
फाडा के अध्यक्ष साई गिरिधर ने कहा, 'अगस्त 2026 भारत में बिजलीचालित परिवहन के लिए अब तक का सबसे अच्छा अगस्त का महीना रहा। सभी श्रेणियों में ईवी बिक्री 2,98,448 इकाई तक पहुँच गई, जो सालाना आधार पर 52.9 प्रतिशत अधिक है। इससे कुल ईवी हिस्सेदारी 9.5 प्रतिशत से बढ़कर 12.3 प्रतिशत हो गई।' उन्होंने यह भी बताया कि सभी चार श्रेणियों में ईवी बिक्री ने अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन किया है और किसी भी श्रेणी में गिरावट नहीं आई।
गिरिधर ने आगे कहा कि इलेक्ट्रिक वाणिज्यिक वाहनों के लिए अगस्त सबसे अच्छा महीना रहा और इनकी बिक्री रिकॉर्ड 4,702 इकाई पर पहुँच गई। उन्होंने कहा, 'इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की बिक्री सालाना आधार पर 67 प्रतिशत बढ़ी और त्योहारों के दौर में नहीं होने के बावजूद इनकी हिस्सेदारी 10 प्रतिशत से अधिक बनी रही। अब कुल ईवी खुदरा बिक्री में इनकी हिस्सेदारी 60 प्रतिशत से अधिक है।'
इसके अलावा, तिपहिया वाहनों में ईवी की हिस्सेदारी 65.3 प्रतिशत तक पहुँच गई है और यात्री इलेक्ट्रिक वाहनों की कुल बिक्री में ईवी की हिस्सेदारी बढ़कर 7.6 प्रतिशत पर पहुँच गई है।
