Newzfatafatlogo

रिलायंस इंडस्ट्रीज की एजीएम में मुकेश अंबानी के प्रमुख ऐलान

रिलायंस इंडस्ट्रीज की 49वीं वार्षिक आम बैठक में मुकेश अंबानी ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं, जिसमें जियो के आईपीओ, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का विकास, और ग्रीन एनर्जी बिजनेस का विस्तार शामिल है। कंपनी ने अपने खुद के सैटेलाइट इंटरनेट नेटवर्क की योजना भी साझा की है, जो दूरदराज के क्षेत्रों में इंटरनेट पहुंचाने का लक्ष्य रखता है। इसके अलावा, रिलायंस रिटेल के विस्तार और O2C बिजनेस में बदलाव की भी जानकारी दी गई है। जानें और क्या कुछ नया पेश किया गया है।
 | 
रिलायंस इंडस्ट्रीज की एजीएम में मुकेश अंबानी के प्रमुख ऐलान

मुंबई में रिलायंस की 49वीं एजीएम


मुंबई: रिलायंस इंडस्ट्रीज ने अपनी 49वीं वार्षिक आम बैठक में चेयरमैन मुकेश अंबानी और अन्य प्रमुख अधिकारियों द्वारा कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। जियो के आईपीओ से लेकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र तक, कंपनी ने देश के विकास के लिए एक व्यापक योजना प्रस्तुत की है।


इस साल की एजीएम से जुड़ी मुख्य बातें

1. जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ


जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ का रास्ता साफ- मुकेश अंबानी ने बताया कि जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर बाजार में लिस्टिंग के लिए ड्राफ्ट पेपर को सेबी के पास जमा करने की मंजूरी मिल गई है। इस आईपीओ के माध्यम से कंपनी 10 फेस वैल्यू वाले 27 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी करने की योजना बना रही है। अंबानी ने कहा कि जियो की लिस्टिंग यह दर्शाएगी कि भारतीय तकनीकी कंपनियां वैश्विक डिजिटल दिग्गजों को चुनौती दे सकती हैं।


2. खुद का सैटेलाइट इंटरनेट नेटवर्क


जियो का सैटेलाइट इंटरनेट नेटवर्क- जियो के चेयरमैन आकाश अंबानी ने बताया कि कंपनी भारत के लिए अपना खुद का लो-अर्थ ऑर्बिट सैटेलाइट नेटवर्क विकसित कर रही है। इसका उद्देश्य उन दूरदराज के गांवों और सीमावर्ती क्षेत्रों में इंटरनेट पहुंचाना है, जहां मोबाइल टावर स्थापित करना कठिन है। इसके लिए जियो ग्लोबल सैटेलाइट कंपनियों के साथ सहयोग कर रहा है और अपने स्थानीय इंफ्रास्ट्रक्चर को भी मजबूत कर रहा है।


3. 'रिलायंस इंटेलिजेंस' का शुभारंभ


AI में कदम- रिलायंस ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में 'रिलायंस इंटेलिजेंस' की शुरुआत की है। इसके तहत गुजरात के जामनगर में एक बड़ा एआई इंफ्रास्ट्रक्चर हब स्थापित किया जा रहा है, जो पूरी तरह से कच्छ से मिलने वाली सौर और ग्रीन ऊर्जा से संचालित होगा। इसका पहला चरण 2026 के अंत तक शुरू होगा और यह 22 भारतीय भाषाओं में AI सेवाएं प्रदान करेगा।


4. रिटेल का विस्तार


रिटेल के 20,000 स्टोर्स- रिलायंस रिटेल ने देशभर में 20,000 से अधिक स्टोर्स का आंकड़ा पार कर लिया है, जिससे यह एशिया के सबसे तेजी से बढ़ते रिटेल नेटवर्क में शामिल हो गया है। 'जियोमार्ट' अब एक बड़े क्विक-कॉमर्स प्लेटफॉर्म में बदल चुका है, जो 1,200 से अधिक शहरों में 3,100 से ज्यादा स्टोर्स के माध्यम से किराने और रोजमर्रा के सामान की त्वरित डिलीवरी कर रहा है।


5. ग्रीन एनर्जी से मुनाफा


क्लीन एनर्जी बिजनेस- अनंत अंबानी ने कहा कि कंपनी का क्लीन एनर्जी बिजनेस वित्त वर्ष 2027 से लाभ देना शुरू कर देगा। जामनगर में 5,000 एकड़ में फैला 'ग्रीन एनर्जी गीगा कॉम्प्लेक्स' दुनिया का सबसे बड़ा क्लीन एनर्जी हब बनने की ओर अग्रसर है। रिलायंस अपनी बैटरी निर्माण क्षमता को 120 GWh तक बढ़ा रही है, और कच्छ का रिन्यूएबल प्रोजेक्ट सालाना 40 अरब यूनिट ग्रीन बिजली उत्पन्न करेगा।


O2C बिजनेस में बदलाव


रिलायंस अपने पारंपरिक ऑयल-टू-केमिकल्स (O2C) बिजनेस को पूरी तरह से बदलने की दिशा में काम कर रही है ताकि 2050 तक कार्बन-न्यूट्रल बनने का लक्ष्य हासिल किया जा सके। इस संबंध में कंपनी ने सैमसंग सीएंडटी के साथ 3 अरब डॉलर का ग्रीन अमोनिया सप्लाई एग्रीमेंट किया है।