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सोने की हॉलमार्किंग शुल्क में वृद्धि: जानें नए नियम

भारतीय मानक ब्यूरो ने सोने की हॉलमार्किंग शुल्क में वृद्धि की है, जो अब 75 रुपये प्रति आर्टिकल है। यह बदलाव त्योहारी और शादी के मौसम से पहले आया है। जानें नए नियमों का ग्राहकों पर क्या प्रभाव पड़ेगा और चांदी की हॉलमार्किंग फीस में कोई बदलाव नहीं हुआ है।
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नई दिल्ली में हॉलमार्किंग शुल्क में बदलाव


नई दिल्ली: त्योहारों और शादियों के मौसम में सोने की खरीदारी में वृद्धि के चलते भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) ने हॉलमार्किंग शुल्क में बदलाव किया है। अब ज्वैलर्स को सोने के हर आर्टिकल की हॉलमार्किंग के लिए 75 रुपये का भुगतान करना होगा, जबकि पहले यह शुल्क 45 रुपये था। इस प्रकार, प्रति आर्टिकल 30 रुपये की वृद्धि हुई है। यह नया नियम BIS (Hallmarking) Amendment Regulations, 2026 के तहत 14 सितंबर से लागू हो चुका है। चांदी के आभूषणों के लिए हॉलमार्किंग शुल्क पहले की तरह 35 रुपये ही रहेगा।


नए नियमों के अनुसार, सोने के प्रत्येक आर्टिकल की हॉलमार्किंग के लिए 75 रुपये का शुल्क निर्धारित किया गया है, जो पहले 45 रुपये था। इस तरह, शुल्क में लगभग 67 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। यह शुल्क आभूषण के वजन के बजाय प्रत्येक आर्टिकल के लिए लिया जाएगा। एक कंसाइनमेंट के लिए न्यूनतम शुल्क 200 रुपये रखा गया है।


ग्राहकों से शुल्क वसूलने का तरीका

ग्राहक से सीधे नहीं लिया जाना चाहिए शुल्क


हॉलमार्किंग शुल्क का भुगतान ज्वैलर्स द्वारा मान्यता प्राप्त Assaying and Hallmarking Centres को किया जाता है। इसका मतलब यह नहीं है कि ग्राहकों से हर गहने पर सीधे 75 रुपये वसूलने का नियम है। हालांकि, ज्वैलर अपनी कुल कीमत तय करते समय बढ़ी हुई लागत को ध्यान में रख सकते हैं, जिससे अंतिम बिल पर अप्रत्यक्ष प्रभाव पड़ सकता है।


BIS शुल्क में बदलाव

BIS को भी देना होगा तय शुल्क


संशोधित व्यवस्था में हॉलमार्किंग केंद्रों से BIS द्वारा लिया जाने वाला शुल्क भी निर्धारित किया गया है। सोने के लिए यह राशि 7.50 रुपये प्रति आर्टिकल है, जबकि न्यूनतम 20 रुपये प्रति कंसाइनमेंट है। चांदी के लिए BIS शुल्क 3.50 रुपये प्रति आर्टिकल और न्यूनतम 15 रुपये प्रति कंसाइनमेंट रखा गया है। इन शुल्कों के अतिरिक्त लागू कर भी होंगे।


चांदी की हॉलमार्किंग फीस में कोई बदलाव नहीं

चांदी की हॉलमार्किंग फीस में बदलाव नहीं


सोने के विपरीत, चांदी के आर्टिकल की हॉलमार्किंग फीस 35 रुपये प्रति आर्टिकल पर बनी हुई है। चांदी के लिए एक कंसाइनमेंट का न्यूनतम शुल्क 150 रुपये है। इस प्रकार, नए बदलाव का सीधा असर केवल सोने की हॉलमार्किंग फीस पर पड़ा है, जबकि चांदी के लिए पहले से लागू दरें जारी हैं।


त्योहारों से पहले का समय

त्योहारी खरीदारी से पहले आया बदलाव


हॉलमार्किंग शुल्क में यह बदलाव ऐसे समय पर हुआ है जब देश में त्योहारी और शादी की खरीदारी का दौर शुरू होने वाला है। हॉलमार्किंग का मुख्य उद्देश्य आभूषण में प्रयुक्त कीमती धातु की शुद्धता से संबंधित जानकारी को प्रमाणित करना है। ग्राहक को खरीदारी करते समय BIS का मानक चिह्न, शुद्धता या फाइननेस और छह अंकों वाला HUID नंबर अवश्य देखना चाहिए।