कन्नौज में छात्रों का प्रदर्शन, जिलाधिकारी ने किया समाधान का आश्वासन
छात्रों का प्रदर्शन और जिलाधिकारी की प्रतिक्रिया
कन्नौज। उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले में छात्रों ने एक ऐसा प्रदर्शन किया कि जिलाधिकारी को स्कूल तक दौड़ना पड़ा। यह घटना जवाहर नवोदय विद्यालय (Jawahar Navodaya Vidyalaya) की है, जहां छात्रों ने स्कूल की बुनियादी सुविधाओं, भोजन की गुणवत्ता और कुछ शिक्षकों के व्यवहार को लेकर अपनी नाराजगी व्यक्त की। छात्रों ने अपनी बात को प्रशासन तक पहुंचाने के लिए एक क्लासरूम में खुद को बंद कर लिया। इस प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद प्रशासन सक्रिय हुआ और जिलाधिकारी ने स्कूल का दौरा किया।
कन्नौज- काम आयी डीएम की रणनीति। खुद को कमरे में बंद किये छात्रों ने खत्म की जिद। डीएम आशुतोष मोहन अग्निहोत्री के आश्वासन के बाद छात्र कमरों से आये बाहर। डीएम बोले छात्रों की समस्याओं का जल्द किया जाएगा समाधान। @dm_kannauj@asim_arun @myogiadityanath @yadavakhilesh pic.twitter.com/OLk1YPmA0p
— SURJEET INDIA TV (@indiatvsurjeet) August 13, 2026
कन्नौज के जवाहर नवोदय विद्यालय में छात्रों ने अपनी समस्याओं को लेकर आवाज उठाई। उनका कहना है कि स्कूल में उन्हें कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जिसमें भोजन की गुणवत्ता और कुछ शिक्षकों का व्यवहार शामिल है। अपनी समस्याओं को प्रशासन और स्कूल प्रबंधन तक पहुंचाने के लिए छात्रों ने प्रदर्शन शुरू किया और कुछ छात्र खुद को एक क्लासरूम में बंद कर दिया।
छात्रों के क्लासरूम में बंद होने का वीडियो वायरल होते ही मामला चर्चा में आ गया। इसके बाद जिलाधिकारी आशुतोष मोहन अग्निहोत्री अधिकारियों की टीम के साथ स्कूल पहुंचे। डीएम ने छात्रों से बातचीत की और उनकी शिकायतें सुनीं।
छात्रों ने अपनी समस्याओं को प्रशासन के सामने रखा, जिसमें भोजन की गुणवत्ता और शिक्षकों के व्यवहार पर सवाल उठाए गए। छात्रों ने जिस तरह से खुद को क्लासरूम में बंद किया, उससे स्पष्ट था कि वे अपनी बात प्रशासन तक पहुंचाना चाहते थे। सोशल मीडिया ने उनकी आवाज को और अधिक प्रभावी बना दिया।
डीएम ने कहा कि समस्याओं का होगा निस्तारण
डीएम आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने छात्रों से बातचीत के बाद कहा कि उनकी समस्याओं को सुना गया है और उनके समाधान के लिए कार्रवाई की जाएगी। छात्रों को प्रशासन की ओर से उनकी शिकायतों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। अब स्कूल में भोजन, बुनियादी सुविधाओं और शिक्षकों के व्यवहार को लेकर छात्रों की शिकायतों की जांच की जाएगी।
