Newzfatafatlogo

अपूर्वा मुखिजा ने 'लॉक अप' में साझा किया दर्दनाक अनुभव

अपूर्वा मुखिजा, जो 'द रेबेल किड' के नाम से जानी जाती हैं, ने 'लॉक अप' के दूसरे सीज़न में अपनी भावनाओं को साझा किया। उन्होंने बताया कि कैसे 'इंडियाज़ गॉट लेटेंट' विवाद के दौरान उन्हें मानसिक तनाव का सामना करना पड़ा और आत्महत्या के विचार आए। सूफी मोतीवाला ने इस कठिन समय में उनका समर्थन किया। इस शो में उनकी पुरानी गलतफहमियों को दूर करने की कहानी भी दिल को छू लेने वाली है। जानें और क्या हुआ इस दिलचस्प एपिसोड में।
 | 

अपूर्वा मुखिजा का शो में धमाकेदार प्रवेश

सोशल मीडिया पर प्रसिद्ध कंटेंट क्रिएटर अपूर्वा मुखिजा, जिन्हें 'द रेबेल किड' के नाम से जाना जाता है, ने रियलिटी शो 'लॉक अप' के दूसरे सीज़न में एंट्री लेते ही सबको चौंका दिया है। वह शो में वाइल्ड-कार्ड कंटेस्टेंट के रूप में नहीं, बल्कि जेलर फराह खान और रितेश देशमुख के लिए 'मुखबिर' के तौर पर शामिल हुई हैं। उनके आगमन ने शो में हलचल मचा दी, और एक भावुक पल में अपूर्वा ने अपनी ज़िंदगी के सबसे कठिन अनुभवों में से एक को साझा किया। उन्होंने बताया कि 'इंडियाज़ गॉट लेटेंट' विवाद के दौरान उन्हें मानसिक रूप से इतना परेशान किया गया कि आत्महत्या के विचार उनके मन में आने लगे।


साथी का समर्थन

'लॉक अप' 2 के हालिया एपिसोड में, अपूर्वा ने सूफी मोतीवाला से बातचीत करते हुए कहा कि जब वह 'इंडियाज़ गॉट लेटेंट' के विवाद में फंसी थीं, तब वह मानसिक रूप से बेहद कमजोर हो गई थीं। उस कठिन समय में सूफी ही थे, जिन्होंने उनका साथ दिया।


पुरानी गलतफहमियों का समाधान

एक साल तक बातचीत न होने के बाद, शो में मिलने पर अपूर्वा और सूफी ने अपनी पुरानी गलतफहमियों को दूर कर लिया। भावुक होकर अपूर्वा ने कहा, 'मैंने तुम्हें बहुत याद किया।' उन्होंने यह भी कहा कि अगर सूफी उनके साथ नहीं होते, तो शायद वह अपनी जान दे देतीं।


अपूर्वा का माफी मांगना

अपूर्वा ने सूफी से कहा, 'मैं अकेले उस कठिन दौर से नहीं निकल पा रही थी, लेकिन तुम ही थे जो हर कदम पर मेरे साथ खड़े रहे।' इस पर सूफी ने भी अपनी भावनाएं व्यक्त कीं और कहा कि अपूर्वा के साथ दोस्ती उनके जीवन का सबसे अच्छा समय था।


इंस्टाग्राम पर साझा किया गया पल