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संजय दत्त की कोर्ट की चुनौतियों के बीच 'मुन्ना भाई एमबीबीएस' की शूटिंग

बॉलीवुड की प्रसिद्ध फिल्म 'मुन्ना भाई एमबीबीएस' की शूटिंग के दौरान संजय दत्त को कोर्ट के मामलों का सामना करना पड़ा। यतिन कार्येकर ने एक इंटरव्यू में बताया कि कैसे संजय दत्त ने अपने काम को प्राथमिकता दी, जबकि उन्हें बार-बार कोर्ट के लिए जाना पड़ता था। जानें इस दिलचस्प कहानी के बारे में और कैसे पूरी टीम ने संजय दत्त का सहयोग किया।
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संजय दत्त की अदाकारी और कोर्ट की चुनौतियाँ


मुंबई: बॉलीवुड की प्रसिद्ध फिल्म 'मुन्ना भाई एमबीबीएस' आज भी दर्शकों के दिलों में बसी हुई है। इस फिल्म के अद्वितीय पात्र, शानदार अभिनय और गहन कहानी ने इसे एक कल्ट क्लासिक बना दिया है। हालांकि, इस हिट फिल्म की शूटिंग के दौरान कई ऐसी घटनाएँ हुईं, जिनका बहुत कम लोगों को पता है। फिल्म में आनंद भाई का किरदार निभाने वाले यतिन कार्येकर ने हाल ही में एक इंटरव्यू में संजय दत्त से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया, जिसमें बताया गया कि शूटिंग के दौरान संजय दत्त को एक फोन कॉल पर तुरंत सेट छोड़कर कोर्ट जाना पड़ता था।


कोर्ट केस के बीच फिल्म की शूटिंग

यतिन कार्येकर ने सिद्धार्थ कन्नन को दिए इंटरव्यू में बताया कि जब 'मुन्ना भाई एमबीबीएस' की शूटिंग चल रही थी, उस समय संजय दत्त अपने खिलाफ चल रहे कानूनी मामलों के कारण लगातार कोर्ट से जुड़े रहते थे। उन्हें कभी भी कोर्ट से बुलावा आ सकता था। यतिन के अनुसार, उस समय संजय दत्त मानसिक रूप से बहुत कठिन दौर से गुजर रहे थे, लेकिन उन्होंने अपने काम पर इसका असर नहीं पड़ने दिया।


सेट पर संजय दत्त के फोन की विशेष अनुमति

यतिन कार्येकर ने बताया कि फिल्म के सेट पर एक सख्त नियम था। सभी कलाकारों और क्रू मेंबर्स को अपने मोबाइल फोन साइलेंट मोड पर रखने या मेकअप रूम में छोड़ने के लिए कहा जाता था। लेकिन संजय दत्त के फोन को रिंग मोड पर रखने की अनुमति थी। उनका फोन उनके मेकअप आर्टिस्ट के पास रहता था, क्योंकि कोर्ट से कभी भी कॉल आ सकता था। जैसे ही फोन की घंटी बजती, सभी समझ जाते कि संजय दत्त को तुरंत जाना होगा।


भावुक सीन की शूटिंग पर असर

यतिन कार्येकर ने फिल्म के उस भावुक अस्पताल वाले सीन का जिक्र किया, जिसमें उनका किरदार आनंद भाई अस्पताल के बेड पर होता है और मुन्ना भाई उनसे बातचीत करते हैं। उन्होंने बताया कि इस सीन की शूटिंग के दौरान दो बार कोर्ट से फोन आया। एक दिन संजय दत्त को शूटिंग बीच में छोड़नी पड़ी। अगले दिन उन्होंने वापस आकर सीन पूरा किया, लेकिन पैचवर्क और बाकी शॉट्स के दौरान फिर कोर्ट से बुलावा आ गया। इस वजह से निर्देशक राजकुमार हिरानी को शूटिंग का शेड्यूल और कुछ शॉट्स दोबारा प्लान करने पड़े।


टीम का सहयोग

यतिन ने बताया कि सेट पर मौजूद राजकुमार हिरानी, विधु विनोद चोपड़ा, बोमन ईरानी, अरशद वारसी और पूरी टीम संजय दत्त की स्थिति को अच्छी तरह समझती थी। किसी ने भी शूटिंग रुकने को लेकर नाराजगी नहीं दिखाई। सभी जानते थे कि कोर्ट का बुलावा टालना संभव नहीं था, इसलिए पूरी टीम ने सहयोग करते हुए काम पूरा किया।