सफीन हसन: गुजरात पुलिस के आईपीएस अधिकारी की प्रेरणादायक यात्रा
सफीन हसन की प्रेरणादायक यात्रा
गुजरात पुलिस के आईपीएस अधिकारी सफीन हसन हाल ही में अपने अनोखे अंदाज के लिए चर्चा में हैं। एक वायरल वीडियो में उन्हें गणपति बप्पा की भक्ति में लीन देखा गया। उनकी पुलिस की वर्दी से हटकर यह रूप लोगों का ध्यान आकर्षित कर रहा है। इससे पहले भी, उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण और भगवद्गीता पर अपने विचार साझा किए हैं। उनका मानना है कि धर्म से ज्ञान प्राप्त करना चाहिए और अच्छे विचारों को अपने जीवन में शामिल करना चाहिए।
छोटे गांव से बड़े सपने की ओर
सफीन हसन का जन्म बनासकांठा जिले के कानोदरा गांव में हुआ। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सरकारी स्कूल से प्राप्त की। बचपन से ही उनका सपना सिविल सेवा में जाने का था। इसके बाद उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक्स और कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में बीटेक किया। इंजीनियरिंग के बाद उनके सामने नौकरी के कई विकल्प थे, लेकिन उन्होंने यूपीएससी की तैयारी को प्राथमिकता दी।
GPSC में सफलता, फिर भी लक्ष्य नहीं बदला
यूपीएससी की तैयारी के दौरान, सफीन ने गुजरात लोक सेवा आयोग की परीक्षा भी दी, जिसमें उन्हें राज्य स्तर पर 34वीं रैंक प्राप्त हुई और जिला रजिस्ट्रार के पद पर चयनित हुए। लेकिन उनके लिए यह मंजिल नहीं थी। आईपीएस बनने का सपना देखने वाले सफीन ने यूपीएससी की तैयारी जारी रखी और 2018 में सिविल सेवा परीक्षा में सफलता प्राप्त की। इसके बाद उनका चयन गुजरात कैडर में हुआ।
चोट के बावजूद परीक्षा में सफलता
सफीन हसन की यूपीएससी यात्रा कई चुनौतियों से भरी रही। मुख्य परीक्षा के दौरान, वे एक दुर्घटना का शिकार हो गए, जिसमें उनके पैर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोट आई। फिर भी, उन्होंने परीक्षा छोड़ने का निर्णय नहीं लिया। दर्दनिवारक दवाओं के सहारे, वे परीक्षा केंद्र पहुंचे और चोटिल अवस्था में सभी पेपर पूरे किए। उनकी यह दृढ़ता और लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता उनकी सफलता की कहानी का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
गुजराती माध्यम से पढ़ाई, अंग्रेजी में इंटरव्यू
सफीन हसन ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा गुजराती माध्यम से प्राप्त की। उन्होंने यूपीएससी की लिखित परीक्षा गुजराती में दी, जबकि इंटरव्यू के लिए अंग्रेजी का चयन किया। आईपीएस बनने के बाद, उन्होंने गुजरात कैडर में प्रशिक्षण पूरा किया और जामनगर में असिस्टेंट सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस के रूप में कार्यभार संभाला। इसके बाद, उन्होंने जामनगर और भावनगर में सेवा की और अहमदाबाद में ट्रैफिक डीसीपी के रूप में कार्य किया।
युवाओं को प्रेरित करते हुए
वर्तमान में, सफीन हसन महिसागर जिले के पुलिस अधीक्षक के पद पर कार्यरत हैं, जहां वे कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, ट्रैफिक और पुलिस प्रशासन से संबंधित कार्यों का संचालन कर रहे हैं। इसके साथ ही, वे युवाओं के बीच एक प्रेरक वक्ता के रूप में भी जाने जाते हैं। धार्मिक ग्रंथों से ज्ञान लेने की बात करते हुए, उन्होंने भगवद्गीता, रामायण, बाइबल और कुरान का उल्लेख किया है। उनका संदेश है कि हर धर्म की अच्छी सीख को अपनाकर आगे बढ़ना चाहिए।
